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अखिलेश यादव ने किया आह्वान: 2022 जीतने के लिए अभी से तैयारी में जुटें कार्यकर्ता
Thu, 13 Jun 2019 03:25 AM IST
Amulya Rastogi
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
Published by: Amulya Rastogi
Updated Thu, 13 Jun 2019 03:25 AM IST
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अखिलेश यादव
- फोटो : अमर उजाला
सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने प्रदेश की कानून-व्यवस्था पर गहरी चिंता जताई है। उन्होंने कहा कि सीएम एक के बाद एक समीक्षा बैठकें कर रहे हैं, जबकि अपराधी अपराध पर अपराध किए जा रहे हैं। उन्होंने आगरा में बार काउंसिल की अध्यक्ष दरवेश यादव की हत्या पर गहरा दुख जताया। कहा, हालात काबू से बाहर हो चुके हैं। कानून के रक्षक ही यहां महफूज नहीं हैं।
अखिलेश ने ट्वीट करके कहा कि प्रदेश में बलात्कार, हत्याओं व राजनीतिक हमलों की वारदातें बढ़ती ही जा रही हैं। मुख्यमंत्री मीटिंग पर मीटिंग ले रहे हैं, लेकिन कानून-व्यवस्था बद से बदतर होती जा रही है। आगरा में बार काउंसिल की पहली अध्यक्ष को गोली मारने से यह साफ हो गया है कि हालात किस कदर बिगड़ चुके हैं। उन्होंने कहा कि क्या यही मुख्यमंत्री के कानून-व्यवस्था के दावों की सच्चाई है।
पत्रकार की पिटाई की निंदा की
अखिलेश ने शामली में पत्रकार अमित शर्मा की पिटाई की भी घोर निंदा की है। उन्होंने कहा कि बेपटरी हुई मालगाड़ी की कवरेज में गए पत्रकार अमित शर्मा के साथ जो अमानवीय बदसलूकी की गई है, उसे किसी भी लिहाज से उचित नहीं ठहराया जा सकता।
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हद तो तब हो गई जब उसके मुंह पर पेशाब तक कर दिया गया। अखिलेश ने कहा कि जीआरपी सिपाहियों की यह करतूत बताती है कि सरकार का अपने ही अधीनस्थ बलों पर कोई नियंत्रण नहीं रह गया है। उनका निलंबन कोई सजा नहीं है।
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अखिलेश ने ट्वीट करके कहा कि प्रदेश में बलात्कार, हत्याओं व राजनीतिक हमलों की वारदातें बढ़ती ही जा रही हैं। मुख्यमंत्री मीटिंग पर मीटिंग ले रहे हैं, लेकिन कानून-व्यवस्था बद से बदतर होती जा रही है। आगरा में बार काउंसिल की पहली अध्यक्ष को गोली मारने से यह साफ हो गया है कि हालात किस कदर बिगड़ चुके हैं। उन्होंने कहा कि क्या यही मुख्यमंत्री के कानून-व्यवस्था के दावों की सच्चाई है।
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पत्रकार की पिटाई की निंदा की
अखिलेश ने शामली में पत्रकार अमित शर्मा की पिटाई की भी घोर निंदा की है। उन्होंने कहा कि बेपटरी हुई मालगाड़ी की कवरेज में गए पत्रकार अमित शर्मा के साथ जो अमानवीय बदसलूकी की गई है, उसे किसी भी लिहाज से उचित नहीं ठहराया जा सकता।
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हद तो तब हो गई जब उसके मुंह पर पेशाब तक कर दिया गया। अखिलेश ने कहा कि जीआरपी सिपाहियों की यह करतूत बताती है कि सरकार का अपने ही अधीनस्थ बलों पर कोई नियंत्रण नहीं रह गया है। उनका निलंबन कोई सजा नहीं है।
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2022 जीतने के लिए अभी से तैयारी में जुटें कार्यकर्ता
सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने कार्यकर्ताओं का आह्वान किया कि वे उप चुनावों के साथ ही वर्ष 2022 में होने वाले विधानसभा चुनावों की तैयारियों में अभी से जुट जाएं।
अखिलेश ने बुधवार को पार्टी मुख्यालय पर कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए कहा कि वे 2022 की सरकार में जनता की भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए जन संवाद करें। भाजपा सरकार में किसान और नौजवान सबसे ज्यादा परेशान हो रहे हैं। अखिलेश ने कहा कि घर-घर तक सच पहुंचना चाहिए। 2022 में सपा की सरकार बनने पर फिर से विकास कार्यों में तेजी लाई जाएगी।
उधर, अखिलेश यादव से मिलने आए दिल्ली विश्वविद्यालय के छात्र-छात्राओं ने कहा कि पूर्व मुख्यमंत्री पर्यावरण के प्रति संवेदनशील है। कुछ युवाओं ने बेरोजगारी का सवाल उठाया और कहा कि भाजपा सरकार में उनके लिए रोजगार के रास्ते बंद हो गए हैं।
वहीं बांदा और हमीरपुर में अवैध खनन पर भी चिंता जताई। पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने कहा कि पर्यावरण बिगड़ने से पृथ्वी पर जीवन को संकट पैदा हो गया है। मौसम में परिवर्तन का लोगों के स्वास्थ्य और वनस्पतियों पर दुष्प्रभाव नजर आने लगा है।
अखिलेश ने बुधवार को पार्टी मुख्यालय पर कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए कहा कि वे 2022 की सरकार में जनता की भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए जन संवाद करें। भाजपा सरकार में किसान और नौजवान सबसे ज्यादा परेशान हो रहे हैं। अखिलेश ने कहा कि घर-घर तक सच पहुंचना चाहिए। 2022 में सपा की सरकार बनने पर फिर से विकास कार्यों में तेजी लाई जाएगी।
उधर, अखिलेश यादव से मिलने आए दिल्ली विश्वविद्यालय के छात्र-छात्राओं ने कहा कि पूर्व मुख्यमंत्री पर्यावरण के प्रति संवेदनशील है। कुछ युवाओं ने बेरोजगारी का सवाल उठाया और कहा कि भाजपा सरकार में उनके लिए रोजगार के रास्ते बंद हो गए हैं।
वहीं बांदा और हमीरपुर में अवैध खनन पर भी चिंता जताई। पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने कहा कि पर्यावरण बिगड़ने से पृथ्वी पर जीवन को संकट पैदा हो गया है। मौसम में परिवर्तन का लोगों के स्वास्थ्य और वनस्पतियों पर दुष्प्रभाव नजर आने लगा है।