विधान परिषद: 36 सदस्यों के चुनाव से जुड़ी एक-एक जानकारी
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स्थानीय प्राधिकारी क्षेत्र से विधान परिषद के 36 सदस्यों का चुनाव 3 मार्च को होगा। चुनाव आयोग ने शुक्रवार को स्थानीय प्राधिकारी क्षेत्र से विधान परिषद सदस्यों के चुनाव का कार्यक्रम घोषित कर दिया है। स्थानीय प्राधिकारी क्षेत्र की 35 सीटें हैं। जिनसे 36 सदस्यों को चुना जाता है।
आयोग द्वारा घोषित कार्यक्रम के अनुसार 8 फरवरी को चुनाव की अधिसूचना जारी होगी। 15 फरवरी तक नामांकन पत्र दाखिल होंगे। तीन मार्च को मतदान और छह मार्च को वोटों की गिनती होगी।
100 सदस्यों वाली विधान परिषद में 36 सदस्य स्थानीय प्राधिकारी क्षेत्र से होते हैं। इनमें क्षेत्र पंचायत सदस्य, जिला पंचायत सदस्य, कैंट बोर्ड के सदस्य व शहरी निकाय (नगर निगम, नगर पालिका व नगर पंचायतों) के सदस्य ही मतदान करते हैं। परिषद के इन 36 सदस्यों का कार्यकाल इसी महीने 15 जनवरी को पूरा हुआ है।
जिला पंचायतों की चुनाव प्रक्रिया पूरी न होने से इनकी मतदाता सूची तैयार नहीं हो सकी थी। इसलिए चुनाव समय पर नहीं हो पाए। सूबे में अब जिला पंचायतों का गठन हो गया है। ऐसे में भारत निर्वाचन आयोग ने स्थानीय प्राधिकारी क्षेत्र की सीटों के लिए चुनाव घोषित कर दिया है।
इसी के साथ सूबे में जिन-जिन जिलों में यह चुनाव होगा, वहां आदर्श आचार संहिता भी लागू हो गई है। इसमें मथुरा-एटा-मैनपुरी सीट ऐसी है, जहां से दो सदस्यों का चुनाव होता है।
ये सीटें हुईं खाली
मुरादाबाद-बिजनौर, रामपुर-बरेली, बदायूं, पीलीभीत-शाहजहांपुर, हरदोई, खीरी, सीतापुर, लखनऊ-उन्नाव, रायबरेली, प्रतापगढ़, सुल्तानपुर, बाराबंकी, बहराइच, गोंडा, फैजाबाद, बस्ती-सिद्धार्थनगर, गोरखपुर-महाराजगंज, देवरिया, आजमगढ़-मऊ, बलिया, गाजीपुर, जौनपुर, वाराणसी, मिर्जापुर-सोनभद्र, इलाहाबाद, बांदा-हमीरपुर, झांसी-जालौन-ललितपुर, कानपुर-फतेहपुर, इटावा-फर्रुखाबाद, आगरा-फीरोजाबाद, मथुरा-एटा-मैनपुरी, अलीगढ़, बुलंदशहर, मेरठ-गाजियाबाद, मुजफ्फरनगर-सहारनपुर
सूबे में 60 हजार ग्राम पंचायतों में 11 हजार ग्राम प्रधान भी वोट नहीं दे पाएंगे। इसका कारण उनकी ग्राम पंचायतों का गठन न होना है। दरअसल, जिन ग्राम पंचायतों में दो तिहाई सदस्य चुनकर नहीं आए थे, उन पंचायतों का गठन अभी नहीं किया गया है।
सूबे में ऐसी करीब 11 हजार पंचायतें हैं। जब यहां सदस्यों के दोबारा चुनाव होंगे तब ये ग्राम पंचायतें गठित होंगी। विधान परिषद की स्थानीय प्राधिकारी निर्वाचन क्षेत्र की सीटों के लिए मतदाता सूची में संशोधन के लिए सुझाव व आपत्तियां 30 जनवरी तक मांगी गई हैं।
तीन फरवरी तक इन आपत्तियों व सुझावों का निपटारा किया जाएगा। इसके बाद छह फरवरी को अंतिम मतदाता सूची का प्रकाशन होगा।