फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lucknow News ›   UP: Village governments will take over from today, notification of formation of new panchayats issued

यूपी : चुनौतियों से दो-दो हाथ करने को तैयार गांव की सरकारें, दुल्हे के ड्रेस में ही पहुंचा शपथ लेने

Wed, 26 May 2021 12:29 AM IST
पंकज श्रीवास्‍तव न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ Published by: पंकज श्रीवास्‍तव Updated Wed, 26 May 2021 12:29 AM IST
सार

प्रदेश में नई पंचायतों के गठन की अधिसूचना जारी होने के बाद आज से नवनिर्वाचित प्रधानों व ग्राम पंचायत सदस्यों की शपथ ग्रहण की प्रक्रिया शुरू हो गई। इसी के साथ गांव के सरकार की कमान नवनिर्वाचित प्रतिनिधियों के हाथ में आ जाएगी।

विज्ञापन
UP: Village governments will take over from today, notification of formation of new panchayats issued
दूल्हा। - फोटो : amar ujala

विस्तार

करीब 5 महीने बाद गांव की सरकारों ने अपना कामकाज संभालना शुरू कर दिया है। करीब 20 हजार ग्राम पंचायतों के नवनिर्वाचित ग्राम प्रधानों व ग्राम पंचायत सदस्यों ने मंगलवार को शपथ लेकर विधिवत कामकाज शुरू कर दिया। बाकी प्रधान बुधवार को शपथ लेकर कमान संभाल लेंगे। बदली परिस्थितियों के बीच हुए इस चुनाव में नवनिर्वाचित प्रतिनिधियों के समक्ष कई तरह की चुनौतियां भी हैं। 

विज्ञापन


प्रदेश में गत वर्ष दिसंबर में प्रधानों का कार्यकाल पूरा हुआ था। समय से चुनाव न हो पाने की वजह से सरकार को प्रशासक तैनात करने पड़े। इस तरह करीब 5 महीने से गांव की सरकार का कामकाज सरकारी प्रशासकों के हवाले था। विकास कार्य कामचलाऊ हालात में थे। नवनिर्वाचित प्रतिनिधियों के कामकाज संभालने से गांव के विकास व गांव के चुनौतियों के समाधान की राह फिर खुल गई है। जानकारों का कहना है कि पिछले सवा वर्ष से जारी कोविड महामारी ने हमारी कमजोरियों को उघाड़ कर रख दिया है।
विज्ञापन


यह कमजोरी गांव से शहर तक एक जैसी सामने आई है। लेकिन राज्य की 60 फीसदी से अधिक आबादी अभी भी गांवों में है। गांवों की कमान फिर गांव के लोगों के हाथ में है। बड़ी संख्या में युवा, प्रोफेशनल व अनुभसवी लोग चुनकर आए हैं। ग्राम पंचायतों के पास संसाधनों की कमी नहीं है। ऐसे में गांव के नवनिर्वाचित प्रतिनिधियों को इस महामारी से सबक लेकर अपना परंपरागत नजरिया बदलकर अपने गांव की विकास योजना को नए सिरे से डिजाइन करने की आवश्यकता है। 
विज्ञापन
विज्ञापन


दूल्हे की पोशाक में ली नवनिर्वाचित प्रधान ने शपथ
निगोहां विकासखंड मोहनलालगंज की अकबरपुर बेनीगंज ग्राम पंचायत से नवनिर्वाचित प्रधान ने अपनी जीवनसाथी के संग सात फेरे लेने से पहले गांव के विकास की शपथ ली। शपथ के बाद नवनिर्वाचित प्रधान ने सजी धजी गाड़ी से जाकर विवाह की रस्में अदा कीं। इस बात की क्षेत्र में दिनभर चर्चा रही।

निगोहां क्षेत्र के अबकरपुर बेनीगंज ग्राम पंचायत के नवनिर्वाचित प्रधान निशांत शुभम (27) की शादी 25 मई को होने के लिए पहले से ही तय थीऔर शासन द्वारा इसी दिन को शपथ ग्रहण के लिए भी निर्धारित किया गया। इसे देखते हुए दूल्हे के वेश में पहले तो नवनिर्वाचित प्रधान ने अपने गांव के विकास के लिए वर्चुअल माध्यम से शपथ ग्रहण में हिस्सा लिया और फिर लखनऊ के ठाकुरगंज जाकर विवाह की रस्में निभाईं। इससे पूर्व बीते कार्यकाल में निशांत शुभम की मां पूनमलता पंचायत की प्रधान थीं। वहीं मोहनलालगंज के सबसे युवा प्रधान अभयकान्त दीक्षित ने भी पंचायत भवन में अपने सदस्यों के साथ शपथ ग्रहण की और गांव के सम्पूर्ण विकास का वादा किया।

बेटे ने पंच, मां ने सरपंच की ली शपथ

निगोहां में पहले शिक्षक बनकर उर्मिला देवी ने शिक्षा का उजियारा फैलाया, अब गांव की सरपंच बनकर गांव में विकास का उजियारा फैलाने की शपथ बुधवार को गांव के पंचायत भवन में ली। इस दौरान बेटे ने भी साथ में पंच की शपथ लेकर गांव के विकास का वादा किया। विकासखंड मोहनलालगंज की अघइया पंचायत की नवनिर्वाचित ग्राम प्रधान उर्मिला देवी प्रधानाध्यापक पद से 2016 में रिटायर हुई थीं। इस बार जब गांव की महिला सीट हुई तो गांव में विकास का उजियारा फैलाने के लिए प्रधान पद के लिए दावा ठोक दिया। मतदाताओं ने पूर्व शिक्षक को पहली बार में ही गांव के सरपंच के लिए चुन भी लिया। वहीं उनके बेटे प्रदीप, मां के साथ पंच बनकर कंधे से कंधा मिलाकर गांव में विकास के लिए बुधवार को शपथ ली। प्रधान उर्मिला देवी ने कहा कि अभी फिलहाल हम सब को मिलकर अपने गांव और देश को महामारी से बचाना है और सरकार द्वारा बनाई गयी कोविड गाइडलाइन के साथ ही काम करना है। शपथ ग्रहण के दौरान सचिव बालकिशोर मौर्य और पुलिस बल मौजूद रहा। 

गांव की सरकार की 5 प्रमुख चुनौतियां

- कोविड महामारी की दूसरी लहर की सर्वाधिक मार गांवों ने झेली है। सबसे अधिक जरूरी गांव की चिकित्सा व सफाई व्यवस्था अभी भी बेहद खराब हालात में है। गांव पंचायतों को अपनी उपकेंद्र प्रणाली, सफाई व्यवस्था, निगरानी प्रणाली व शिक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने पर सक्रियता दिखानी होगी। स्वच्छ पेयजल के लिए सरकार पाइप पेयजल योजना लेकर आई है। इसे तेजी से क्रियान्वित कर गांव की पानी की समस्या का समाधान करना होगा।

- गांवों में आवास, शौचालय, विधवा-वृद्धा, दिव्यांगता पेंशन, पारिवारिक लाभ योजना, कृषक दुर्घटना योजना व आपदा राहत योजनाओं के क्रियान्वयन में प्रधानों की अहम भूमिका होती है। लेकिन गांव के लोगों को इसके लिए अभी भी महीनों तक भटकना पड़ता है। प्रधान पारदर्शी तरीके से योजनाओं का लाभ दिलाकर गांव के लोगों को बड़ी राहत पहुंचा सकते हैं। 

- गांवों में बड़ी संख्या में कम पढ़े-लिखे लोग चुनकर आते रहे हैं। इनमें तमाम लोग सिर्फ नाम के प्रधान रह जाते हैं। वास्तविक काम दूसरे ही निभाते हैं। तमाम महिला प्रधानों के काम उनके परिजन संभालते हैं। बदले माहौल और बदली परिस्थितियों में चुने गए प्रधानों को इस धारणा को तोड़ना सबसे बड़ी चुनौती है। पहली बार निर्वाचित प्रधानों व सदस्यों को यह धारणा तोड़नी है।

- तमाम प्रधानों ने पिछले वर्षों में अनुकरणीय कार्य किए हैं। लेकिन तमाम अभी भी सड़क, खड़ंजा और स्थानीय राजनीति में ही उलझे रह जाते हैं। वे खराब परफॉर्मेंस की वजह से अपना पूरा बजट तक नहीं ले पाते। प्रधान नियम कायदे व योजनाओं में रुचि दिखाएं तो अपने गांव के लिए ज्यादा से ज्यादा विकास के अवसर पैदा कर सकते हैं।

- ग्राम पंचायतों व गांव के कामकाज के लिए बनने वाली छह समितियों की नियमित बैठकें न होने से गांव-सरकार की धारणा क्रियान्वित नहीं हो पाती है। व्यापक विचार विमर्श न होने से उचित निर्णय का अभाव रहता है। व्यवस्था प्रधान व सचिव तक केंद्रित रह जाती है, जिससे व्यवस्थागत खामियां बढ़ती हैं। कई बार भ्रष्टाचार पनपता है। नवनिर्वाचित प्रधानों को नियमित बैठकें व संवाद की परंपरा को विस्तार देकर इस चुनौती का सामना करना है।

 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed