यूपी : पिछले विधानसभा चुनाव के मुकाबले चुनावी हिंसा की घटनाओं में आई कमी, इस बार चुनावी हिंसा की 33 घटनाएं, 2017 में हुई थी 97 घटना
अपर पुलिस महानिदेशक कानून व्यवस्था प्रशांत कुमार ने बताया कि इस बार विधानसभा चुनाव के दौरान जो घटनाएं हुई इसमें 28 घटनाएं मतदान वाले दिन के पहले और पांच घटनाएं मतदान वाले दिन हुईं।
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प्रदेश में विधानसभा चुनाव के दौरान चुनावी हिंसा की पूरे सातों चरण में मिलाकर चुनावी हिंसा की कुल 33 घटनाएं हुईं। हालांकि इसमें कोई जनहानि नहीं हुई। अपर पुलिस महानिदेशक कानून व्यवस्था प्रशांत कुमार ने बताया कि इस बार विधानसभा चुनाव के दौरान जो घटनाएं हुई इसमें 28 घटनाएं मतदान वाले दिन के पहले और पांच घटनाएं मतदान वाले दिन हुईं। प्रशांत कुमार ने बताया कि 2017 में हुए विधानसभा चुनाव में कुल 97 घटनाएं हुई थीं जिसमें 75 घटनाएं चुनाव से पूर्व की थीं और 22 घटनाएं चुनाव वाले दिन की थीं। इस बार उसके मुकाबले घटनाओं में दो तिहाई की कमी आई।
प्रशांत कुमार ने बताया कि चुनाव के दौरान निर्वाचन संबंधी नियम कानून के उल्लंघन के 1339 मामलों में एफआईआर दर्ज की गई जबकि 412 एनसीआर दर्ज की गई। सबसे अधिक लखनऊ जोन में मुकदमे लिखे गए। चुनाव के दौरान 52 करोड़ 64 लाख 8 हजार 46 रुपये बरामद किए गए। जबकि 6 लाख 66 हजार 80 रुपये की नेपाली मुद्रा बरामद की गई। इसके अलावा भारी मात्रा में अवैध शराब बरामद की गई जिसकी कीमत 31 करोड़ 88 लाख 14 हजार 427 रुपए थी। 42 करोड़ रुपये के मादक पदार्थ भी बरामद किए गए।
मतगणना के लिए मुख्यालय से उपलब्ध कराया गया ढाई सौ कंपनी अर्ध सैनिक बल
प्रशांत कुमार ने बताया कि मतगणना के लिए जिलों को ढाई सौ कंपनी केंद्रीय अर्ध सैनिक बल उपलब्ध कराया गया है। इसमें 36 कंपनी ईवीएम की सुरक्षा के लिए और 214 कंपनी मतगणना एवं कानून व्यवस्था के लिए रखा गया है। इसके अलावा मतगणना कार्य के लिए 61 कंपनी पीएसी भी कमिश्नरेट व जिलों को उपलब्ध कराई गई है। इन सब के अलावा 625 राजपत्रित अधिकारी, 1807 निरीक्षक, 9598 उपनिरीक्षक, 11627 मुख्य आरक्षी व 48649 आरक्षी की ड्यूटी भी मतगणना के लिए लगाई गई है।