UP: अफवाहों से बढ़ी ईंधन की तपिश, तीन दिन में 77% उछली पेट्रोल-डीजल की बिक्री; इन जिलों में सबसे ज्यादा डिमांड
ईंधन की कमी की अफवाहों से प्रदेश में पेट्रोल-डीजल की मांग अचानक बढ़ गई। तीन दिनों में बिक्री में भारी उछाल दर्ज हुआ और कई जिलों में खपत दोगुनी हो गई। लंबी कतारें लगने से आपूर्ति पर दबाव बढ़ा, जबकि सरकार ने पर्याप्त स्टॉक होने का भरोसा दिया है।
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प्रदेश में पेट्रोल-डीजल संकट की अफवाहों ने आग में घी का काम कर दिया। सरकार द्वारा पर्याप्त स्टाक होने के दावों के बावजूद 24 से 26 मार्च के बीच पेट्रोल-डीजल की औसत बिक्री में महज तीन दिनों के भीतर पेट्रोल की औसत बिक्री में 77 फीसदी और डीजल में 75 फीसदी तक का भारी उछाल दर्ज किया गया है।
सबसे ज्यादा भार पूर्वोत्तर जिलों गोरखपुर, देवरिया, कौशाम्बी, प्रतापगढ़ के पंपों पर पड़ा है, जहां मांग दोगुना से भी ज्यादा हो गई। वहीं एलपीजी की सप्लाई बुकिंग की तुलना में 50 फीसदी तक पहुंच गई है। सरकार और प्रशासन के बार-बार यह भरोसा दिलाने के बावजूद कि स्टॉक पर्याप्त है, लोग पंपों पर लंबी कतारें लगा रहे हैं।
सबसे ज्यादा असर पूर्वांचल के जिलों में देखा जा रहा है। देवरिया, कौशाम्बी, प्रतापगढ़ और प्रयागराज जैसे जिलों में मांग सामान्य से दो गुनी से भी अधिक (200% से ऊपर) हो गई है। लखनऊ जैसे महानगरों में भी 26 मार्च तक पेट्रोल की खपत सामान्य से 109% अधिक पहुंच गई है।
पेट्रोल की सर्वाधिक खपत वाले टॉप-5 जिले
| जिला | वृद्धि (प्रतिशत में) |
| देवरिया | 222% |
| कौशाम्बी | 222% |
| गोरखपुर | 214% |
| प्रयागराज | 212% |
| प्रतापगढ़ | 205% |
डीजल की सर्वाधिक खपत वाले टॉप-5 जिले
| जिला | वृद्धि (प्रतिशत में) |
| प्रतापगढ़ | 230% |
| देवरिया | 226% |
| श्रावस्ती | 189% |
| महराजगंज | 181% |
| आजमगढ़ | 177% |
लखनऊ में खपत की स्थिति
| उत्पाद | 24 मार्च | 25 मार्च | 26 मार्च |
| पेट्रोल | 3% | 42% | 109% |
| डीजल | 17% | 61% | 100% |
एलपीजी बुकिंग के मुकाबले आधी डिलीवरी
ईंधन के साथ-साथ रसोई गैस की सप्लाई पर भी दबाव दिख रहा है। 26 मार्च को कुल बुकिंग 13.31 लाख सिलेंडर की हुई। जबकि कुल डिलीवरी 7.83 लाख सिलेंडर की हुई। वर्तमान में मांग की तुलना में सप्लाई लगभग 58% के करीब है। इंडियन आयल की डिलीवरी सबसे अधिक 4.32 लाख रही, जबकि भारत पेट्रोलियम और और हिन्दुस्तान पेट्रोलियम के वितरण में काफी अंतर देखा गया।
भदोही, आजमगढ़ और बाराबंकी भी पीछे नहीं
प्रदेश के टॉप-5 जिलों के अलावा अन्य महत्वपूर्ण क्षेत्रों में भी पेट्रोल-डीजल की मांग ने सभी रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं। पेट्रोल में सर्वाधिक मांग वाले जिलों के ठीक बाद भदोही (197%) और श्रावस्ती (192%) में पेट्रोल की बिक्री औसत से लगभग दोगुनी रही। वहीं कुशीनगर और आजमगढ़ में भी 174% की भारी वृद्धि दर्ज की गई। राजधानी के करीब बाराबंकी में भी 168% ज्यादा पेट्रोल बिका।
डीजल के मामले में आजमगढ़ (177%) और जौनपुर (173%) में मांग सबसे अधिक रही। इसके अलावा गोरखपुर (172%), भदोही (169%) और संत कबीर नगर (153%) में भी डीजल की खपत सामान्य से काफी ऊपर पहुंच गई। आंकड़ों से साफहै कि आजमगढ़ और भदोही ऐसे जिले रहे, जहां पेट्रोल और डीजल दोनों की ही मांग में औसतन 170% से अधिक की तीव्र वृद्धि दर्ज की गई है।