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UP News : अवैध निर्माण की जांच के लिए प्रदेश भर में चलेगा अभियान, लेवाना अग्निकांड के बाद सरकार सख्त
Thu, 08 Sep 2022 06:17 AM IST
दुष्यंत शर्मा
अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ
अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ
Published by: दुष्यंत शर्मा
Updated Thu, 08 Sep 2022 06:17 AM IST
सार
UP News: इसी कड़ी में सभी विकास प्राधिकरणों को शहरी क्षेत्रों में बने मॉल, कोचिंग सेंटर, निजी अस्पताल, होटल समेत अन्य बड़े आवासीय और व्यावसायिक भवनों की जांच करने को कहा गया है। यह भी कहा गया है कि अवैध निर्माण होने की स्थिति में ऐसे भवनों को सील कर दिया जाए।
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विस्तार
राजधानी में अवैध तरीके से बनाए गए होटल लेवाना सुइट्स में हुए अग्निकांड के बाद सरकार और शासन ने अवैध निर्माणों को लेकर सख्ती शुरू कर दिया है। इसी कड़ी में सभी विकास प्राधिकरणों को शहरी क्षेत्रों में बने मॉल, कोचिंग सेंटर, निजी अस्पताल, होटल समेत अन्य बड़े आवासीय और व्यावसायिक भवनों की जांच करने को कहा गया है। यह भी कहा गया है कि अवैध निर्माण होने की स्थिति में ऐसे भवनों को सील कर दिया जाए।
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यह निर्देश प्रमुख सचिव आवास नितिन रमेश गोकर्ण ने बुधवार को सभी विकास प्राधिकरणों के उपाध्यक्ष और सचिव के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग में दिए। प्रमुख सचिव ने कहा कि जांच में यह जरूर देखा जाए कि संबंधित भवनों का निर्माण मानकों के मुताबिक हुआ है या नहीं। अगर मानक के विपरीत निर्माण मिले तो भवन स्वामी को नोटिस देकर खामियों को दूर करने को कहा जाए। इस पर भी वह नहीं मानता है तो भवन को सील करने और अवैध हिस्से को तत्काल ध्वस्त करने की कार्रवाई शुरू की जाए।
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इस मके पर प्रमुख सचिव ने सभी प्राधिकरण के अधिकारियों से उनके कार्यक्षेत्र में अवैध निर्माणों और कॉलोनियों के बारे में जानकारी ली तो बताया गया कि प्रदेश भर में करीब पौने दो लाख अवैध निर्माण हैं। इस पर प्रमुख सचिव ने ऐसे निर्माणों को नियमानुसार नियमित करने का मौका देने अन्यथा सीलिंग या ध्वस्तीकरण की कार्रवाई करने के भी निर्देश दिए हैं।
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