{"_id":"687684daf6e8c754320cca68","slug":"up-mafia-and-former-mp-atul-rai-properties-worth-rs-4-18-crore-seized-ed-takes-action-these-properties-were-2025-07-15","type":"story","status":"publish","title_hn":"यूपी: माफिया और पूर्व सांसद अतुल राय की 4.18 करोड़ रुपये की संपत्तियां जब्त, ईडी ने की कार्रवाई","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
यूपी: माफिया और पूर्व सांसद अतुल राय की 4.18 करोड़ रुपये की संपत्तियां जब्त, ईडी ने की कार्रवाई
Tue, 15 Jul 2025 10:21 PM IST
रोहित मिश्र
अमर उजाला ब्यूरो, लखनऊ
अमर उजाला ब्यूरो, लखनऊ
Published by: रोहित मिश्र
Updated Tue, 15 Jul 2025 10:21 PM IST
सार
Former MP Atul Rai: प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने माफिया एवं घोसी के पूर्व सांसद अतुल राय की 4.18 करोड़ रुपये की संपत्ति जब्त कर ली है।
विज्ञापन
पूर्व सांसद अतुल राय(काली सदरी में)
- फोटो : अमर उजाला।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने माफिया एवं घोसी के पूर्व सांसद अतुल राय की 4.18 करोड़ रुपये की संपत्ति जब्त कर ली है। यह संपत्ति अतुल राय और जितेंद्र सापरा के स्वामित्व वाली मेसर्स स्पेक्ट्रम इंफ्रा सर्विसेज प्राइवेट लिमिटेड द्वारा खरीदी गई थीं, जिसमें दिल्ली का एक आवासीय अपार्टमेंट, वाराणसी के 3 आवासीय भूखंड और गाजीपुर की 2 कृषि योग्य भूूमि शामिल हैं। बता दें कि जितेंद्र सापरा माफिया मुख्तार अंसारी का करीबी था। ईडी की इस कार्रवाई से मुख्तार और अतुल राय के आपराधिक गठजोड़ का भी खुलासा हुआ है।
विज्ञापन
बता दें कि ईडी ने मऊ के दक्षिण टोला पुलिस थाने में दर्ज एफआईआर के आधार पर मनी लांड्रिंग का केस दर्ज कर जांच शुरू की थी। जांच में पता चला कि मुख्तार के परिजनों के स्वामित्व वाली कंपनी मेसर्स विकास कंस्ट्रक्शन ने मऊ के रैनी गांव में स्थित सरकारी जमीन पर कब्जा कर गोदाम बनाकर भारतीय खाद्य निगम को किराए पर दिया था। इससे कंपनी को करीब 15.31 करोड़ रुपये किराया मिला था।
विज्ञापन
वहीं गोदाम निर्माण के लिए नाबार्ड से सब्सिडी के रूप में 2.25 करोड़ रुपये अतिरिक्त मिले थे। विकास कंस्ट्रक्शन के पूर्व साझेदारों से करीब 3.10 करोड़ रुपये भी हड़पे थे। मुख्तार के साले आतिफ रजा ने एफसीआई से हैंडलिंग और परिवहन शुल्क के रूप में 7.05 करोड़ रुपये प्राप्त किए थे। इस तरह उन्होंने करीब 27.72 करोड़ रुपये अर्जित किए थे।
विज्ञापन
जांच से पता चला कि विकास कंस्ट्रक्शन ने 8.49 करोड़ रुपये मुख्तार के ससुर की कंपनी आगाज प्रोजेक्ट एंड इंजीनियरिंग प्राइवेट लिमिटेड और मेसर्स इनिजियो नेटवर्क सॉल्यूशन प्राइवेट लिमिटेड के बैंक खातों में जमा की गई थी। दोनों कंपनियां मुख्तार अंसारी और उनके परिजनों व करीबियों की थी। बाद में पूर्व सांसद अतुल राय के स्वामित्व वाली कंपनियों मेसर्स कुसुम विजन इंफ्रा प्राइवेट लिमिटेड, मेसर्स स्पेक्ट्रम इंफ्रा सर्विसेज प्राइवेट लिमिटेड और मेसर्स कुसुम कंस्ट्रक्शंस एंड टेलीकॉम सर्विसेज के बैंक खातों में भी रकम भेजी गई।
विकास कंस्ट्रक्शन, आतिफ रजा, आगाज प्रोजेक्ट एंड इंजीनियरिंग और इनिजियो नेटवर्क सॉल्यूशन से जितेंद्र सापरा और उनके परिवार के सदस्यों के बैंक खातों में 1 करोड़ रुपये भेजे, जिसका उपयोग संपत्तियों को खरीदने के लिए किया गया था। ईडी इस मामले में अब तक 6.40 करोड़ रुपये की संपत्तियों को जब्त कर चुका है।