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शिक्षक भर्ती परीक्षा में संस्कृत व उर्दू को शामिल करने की मांग, समय बढ़ाने के लिए भी कहा
ब्यूरो/अमर उजाला, लखनऊ
Updated Wed, 18 Oct 2017 01:32 AM IST
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डेमो पिक
ट्रेनी टीचर्स वेलफेयर एसोसिएशन ने परिषदीय प्राथमिक विद्यालयों में शिक्षक भर्ती परीक्षा में अंग्रेजी विषय के साथ ही संस्कृत और उर्दू को वैकल्पिक विषय के रूप में रखने की मांग की है।
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एसोसिएशन के प्रदेश अध्यक्ष श्यामू वर्मा ने कहा कि शिक्षक भर्ती परीक्षा के प्रस्तावित प्रारूप के भाग एक को वस्तुनिष्ठ और भाग दो को व्याख्यात्मक किया जाना चाहिए।
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उन्होंने कहा कि भाग-एक की परीक्षा में छह विषय शामिल किए गए हैं लेकिन इसके लिए मात्र डेढ़ घंटे का समय दिया गया है, जो काफी कम है। उन्होंने इस समय को बढ़ाकर कम से कम ढाई घंटे करने की मांग की है।
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एसोसिएशन के वरिष्ठ नेता आकाश ने कहा कि भाग दो में एक हजार शब्दों का निबंध और शिक्षण कौशल को रखा गया है। इसके लिए एक घंटे का समय भी अपर्याप्त है। कहा कि एससीईआरटी के अफसरों को परीक्षा के लिए व्यावहारिक कार्ययोजना बनानी चाहिए।
अगर ऐसा नहीं किया गया तो एसोसिएशन का एक शिष्टमंडल मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के जनता दरबार में उपस्थित होकर पूरे मामले को उनके सामने रखेगा।