लखनऊ : जांच में पकड़ीं नौ अवैध क्रेनें, परिवहन विभाग की कार्रवाई, न फिटनेस प्रमाण पत्र, न ही बीमा व प्रदूषण सहित अन्य प्रपत्र
टीमों ने नौ क्रेनों का चालान कर प्रत्येक पर 27 हजार रुपये का जुर्माना लगाया। अफसरों ने बताया कि अवैध क्रेनों को थाने ले गए तो पुलिस ने सुपुर्द में लेने से इनकार कर दिया। इस पर चालान करना पड़ा। चार जनवरी को अभियान फिर चलेगा और इस दौरान अवैध क्रेनों को जब्त किया जाएगा।
विस्तार
परिवहन विभाग के प्रवर्तन की तीन टीमों ने बुधवार को सात ठिकानों पर छापा मारकर क्रेनों की जांच की। इस दौरान ऑपरेटर के पास न तो क्रेन का फिटनेस प्रमाण पत्र मिला और न ही बीमा व प्रदूषण सहित अन्य प्रपत्र। टीमों ने नौ क्रेनों का चालान कर प्रत्येक पर 27 हजार रुपये का जुर्माना लगाया। अमर उजाला ने 15 दिसंबर को माई सिटी में ‘जिन्हें जब्त होना चाहिए, वो क्रेनें ही सड़कों से उठा रही हैं वाहन’ शीर्षक से खबर प्रकाशित कर पुलिस, नगर निगम व ठेकेदार के खेल का खुलासा किया था। इसे गंभीरता से लेते हुए परिवहन आयुक्त धीरज साहू ने मामले की प्रवर्तन इकाई से जांच रिपोर्ट मांगी थी। इस क्रम में बुधवार को सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी अंकिता शुक्ला, अमित राजन राय व यात्रीकर अधिकारी आशुतोष उपाध्याय ने सिनेपोलीस, फन माल, हजरतगंज, बारा बिरवा, सहारा माल के निकट, पत्रकारपुरम चौराहा, पालीटेक्निक चौराहा पर नौ क्रेनों की जांच की। अफसरों ने बताया कि अवैध क्रेनों को थाने ले गए तो पुलिस ने सुपुर्द में लेने से इनकार कर दिया। इस पर चालान करना पड़ा। चार जनवरी को अभियान फिर चलेगा और इस दौरान अवैध क्रेनों को जब्त किया जाएगा।
तीन दिन में करा सकते हैं वैध
प्रवर्तन की तीन टीमों ने नो पार्किंग जोन से गाड़ियों को उठाने वाली नौ क्रेनों की जांच की। न तो फिटनेस था न ही प्रदूषण सहित अन्य प्रपत्र। चालान कर जुर्माना लगाया गया। इन क्रेनों को तीन दिन में वैध कराने का अल्टीमेटम दिया है।
- निर्मल प्रसाद, डिप्टी कमिश्नर (लखनऊ जोन) परिवहन विभाग
निरस्त होगा क्रेन ठेकेदार का ठेका, जनता को देंगे सहूलियत
क्रेन ठेकेदार की चल रही दादागीरी पर महापौर संयुक्ता भाटिया ने कहा कि उसका ठेका निरस्त किया जाएगा। इस बारे में नगर आयुक्त को भी निर्देश दिए। महापौर ने नगर आयुक्त को बताया कि उनके पास भी कई शिकायतें आ रही हैं। जो टेंडर निकाला गया है उसमें नियम शर्तें सही नहीं दी गई हैं। ऐसी शिकायतें हैं कि वह एक ठेकेदार को फायदा पहुंचाने के लिए हैं। रिटेंडर किया जाए और नियम व शर्तें तय की जाएं कि कहां से गाड़ी उठाई जाएंगी। यातायात पुलिस के साथ मिलकर पीली पट्टी भी खिंचवाई जाएगी। उधर, नगर निगम द्वारा जारी टेंडर को लेकर कई आपत्तियां भी दर्ज हुई हैं। भाजपा पार्षद व एलडीए बोर्ड सदस्य रामकृष्ण यादव ने कहा कि ठेका निरस्त किया जाए और पुरानी व्यवस्था बहाल की जाए।
क्रेन वालों पर एसयूवी मालिक को पीटने का आरोप
गोमतीनगर में बुधवार को फन मॉल के पास नो पार्किंग से एसयूवी उठाने को लेकर विवाद हो गया। एसयूवी मालिक इंदिरानगर, सेक्टर 11 में रहने वाले सॉफ्टवेयर इंजीनियर प्रदीप ने क्रेन ठेकेदार के कर्मचारियों पर मारपीट का आरोप लगाया। थाने पहुंचने पर दोनों पक्षों में समझौता हो गया। बुधवार को ही पत्रकारपुरम में एक अन्य कार चालक को भी पीटने का क्रेन ठेकेदार के कर्मचारियों पर आरोप लगा। जबकि कर्मचारियों ने भी कार मालिक अहमद अब्बास निवासी चौक पर साथियों को बुलाकर मारपीट करने का आरोप लगाया। गोमती नगर इंस्पेक्टर केशव कुमार तिवारी ने बताया कि दोनों पक्षों के खिलाफ एनसीआर दर्ज की गई है। वहीं, क्रेन ठेकेदार प्रशांत सिंह ने मारपीट के आरोपों को गलत बताया।