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'गुमनामी बाबा का नेताजी सुभाष चंद्र बोस से कोई संबंध नहीं'

Fri, 21 Oct 2016 01:45 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, लखनऊ
ब्यूरो/अमर उजाला, लखनऊ Updated Fri, 21 Oct 2016 01:45 PM IST
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subhash chandra bose family writes letter to vishnu sahay commission.
- फोटो : amar ujala

नेताजी सुभाषचंद्र बोस के सोलह परिवारीजनों ने जस्टिस विष्णु सहाय आयोग को पत्र भेजकर कहा है कि गुमनामी बाबा का नेताजी से कोई संबंध नहीं है।

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यह बात जस्टिस मुखर्जी आयोग की जांच रिपोर्ट में साफ हो चुकी है। रिपोर्ट में गुमनामी बाबा के दांत की डीएनए जांच निगेटिव पाई गई थी।

नेताजी सुभाषचंद्र बोस के परिवार से जुड़े प्रो. चित्रा घोष, प्रो. द्वारकानाथ बोस, नंदिता बोस, अरधेंदु बोस, कृष्णा घोष और अन्य 11 लोगों ने जस्टिस विष्णु सहाय को भेजे पत्र में कहा है कि जस्टिस मुखर्जी आयोग के आदेश पर नेताजी के पांच भतीजे व भतीजियों के ब्लड सैंपल लिए गए थे।

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मातृ व पितृ पक्ष से नहीं मिला कोई संबंध

subhash chandra bose family writes letter to vishnu sahay commission.

गुमनामी बाबा के दांत और इन लोगों के सैंपल की डीएनए जांच सेंट्रल फोरेंसिक लेबोरेटरी कोलकाता में की गई। जांच में न तो मातृ पक्ष और न ही पितृ पक्ष से गुमनामी बाबा का कोई संबंध मिला।

जांच गुमनामी बाबा के बारे में, नेताजी की नहीं: याचिकाकर्ता
इस बारे में याचिकाकर्ता व नेताजी विचार मंच के संयोजक शक्ति सिंह ने कहा कि गुमनामी बाबा उर्फ भगवनजी की पहचान की जांच हो रही है, न कि नेताजी की। ऐसे में उन लोगों के पत्र का कोई मतलब नहीं है। उन्होंने यह भी कहा कि उनके परिवार से जुड़े कई लोग जांच की मांग कर रहे थे।

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