फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lucknow News ›   STF to arrest responsible for gorakhpur tragedy.

गोरखपुर हादसा: मासूमों के हत्यारों को गिरफ्तार करेगी एसटीएफ, नौ के खिलाफ एफआईआर दर्ज

Fri, 25 Aug 2017 12:24 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, लखनऊ
ब्यूरो/अमर उजाला, लखनऊ Updated Fri, 25 Aug 2017 12:24 PM IST
विज्ञापन
STF to arrest responsible for gorakhpur tragedy.
बाबा राघव दास मेडिकल कॉलेज - फोटो : ANI

ऑक्सीजन की कमी से गोरखपुर मेडिकल कॉलेज में मासूमों की हत्या के आरोपियों को गिरफ्तार करने का जिम्मा एसटीएफ को सौंपा गया है। इससे पहले बीआरडी मेडिकल कॉलेज के पूर्व प्राचार्य समेत नौ लोगों के खिलाफ बुधवार को देर रात हजरतगंज कोतवाली में एफआईआर दर्ज करा दी गई।

विज्ञापन


महानिदेशक चिकित्सा एवं शिक्षा केके गुप्ता ने पूर्व प्राचार्य सहित नौ लोगों के खिलाफ मानव वध, भ्रष्टाचार, जालसाजी, हत्या की साजिश रचने और भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की धाराओं में केस दर्ज कराया है।
विज्ञापन


गोरखपुर के बाबा राघवदास मेडिकल कॉलेज में ऑक्सीजन की कमी से 10 व 11 अगस्त को 30 मासूमों की मौत हो गई थी। इस मामले की जांच मुख्यमंत्री ने मुख्य सचिव से कराने का आदेश दिया था। पुलिस के मुताबिक मुख्य सचिव की जांच रिपोर्ट के आधार पर ही प्रधानाचार्य डॉ. राजीव मिश्रा, एनेस्थीसिया व ऑक्सीजन प्रभारी डॉ. सतीश, एईएस वार्ड के प्रभारी व नोडल अधिकारी डॉ. कफील खान और पुष्पा सेल्स प्रा. लि. के मालिक के खिलाफ मासूमों की हत्या की साजिश रचने और सदोष मानव वध का मुकदमा दर्ज कराया गया है।
विज्ञापन
विज्ञापन


पूर्व प्राचार्य डॉ. राजीव और उनकी पत्नी डॉ. पूर्णिमा शुक्ला, चीफ फार्मासिस्ट गजानन जैसवाल, लेखा विभाग के कर्मचारी संजय, सुधीर और उदय के खिलाफ भ्रष्टाचार के आरोप में भी केस दर्ज किया गया है।

विवेचना के लिए गोरखपुर के थाने किया गया रेफर

STF to arrest responsible for gorakhpur tragedy.

पुलिस अफसरों का कहना है कि मामले की एफआईआर हजरतगंज कोतवाली में दर्ज करने के बाद इसे विवेचना के लिए गोरखपुर के गुलहरिया थाने को ट्रांसफर कर दिया गया है। मामले की जांच सीओ स्तर अधिकारी करेंगे। आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए स्थानीय पुलिस और एसटीएफ की संयुक्त टीम बनाई जाएगी। हालांकि एसएसपी गोरखपुर ने बृहस्पतिवार को बताया कि मामला दोपहर तक उनके कार्यालय नहीं पहुंचा था। एफआईआर आने के बाद जांच अधिकारी नियुक्त कर आरोपियों के गिरफ्तारी के लिए टीम गठित कर दी जाएगी।

किस पर क्या आरोप
डॉ. राजीव मिश्रा-मानव वध, भ्रष्टाचार व लापरवाही।
डॉ. कफील- मानव वध, लापरवाही और जालसाजी।
ऑक्सीजन प्रभारी डॉ. सतीश कुमार-मानव वध और लापरवाही।
पूर्व प्राचार्य की पत्नी डॉ. पूर्णिमा शुक्ला- भ्रष्टाचार

पुष्पा सेल्स के मालिक-मानव वध और मासूमों के मौत की साजिश।
चीफ फार्मासिस्ट गजानन जैसवाल व लेखा विभाग के संजय, सुधीर और उदय के खिलाफ भ्रष्टाचार और लापरवाही के आरोप में मामला दर्ज किया गया है। इसके साथ ही सभी आरोपियों के खिलाफ मासूमों की मौत की साजिश रचने की धारा में भी केस दर्ज हुआ है।

मासूमों का तथाकथित मसीहा भी जाएगा जेल

STF to arrest responsible for gorakhpur tragedy.

बीआरडी मेडिकल कॉलेज में मासूमों के मौत के बाद कार में ऑक्सीजन सिलेंडर लेकर आने और मासूमों के शव के पास खड़े होकर आंसू बहाने वाले डॉ. कफील खान को भी जेल जाना पड़ेगा।

मुख्य सचिव की जांच में दोषी पाए जाने के बाद महानिदेशक चिकित्सा एवं शिक्षा केके गुप्ता ने डॉ. कफील खान के खिलाफ मानव वध, मासूमों के मौत की साजिश रचने और सीएमओ को फर्जी शपथपत्र देने पर इंडियन मेडिकल काउंसिल की धारा 15 के तहत केस दर्ज कराया है।

बढ़ सकती है गैर इरादतन हत्या की धारा
पुलिस अधिकारियों के मुताबिक मासूमों के मौत के  केस की एफआईआर गोरखपुर के गुलहरिया थाने में भेज दी गई। वहां विवेचना के दौरान नए तथ्यों और साक्ष्यों के आधार पर धाराओं में परिवर्तन हो सकता है। इसमें आरोपियों के खिलाफ गैर इरादतन हत्या की धारा भी जोड़ी जा सकती है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed