गायत्री प्रजापति पर कसा कानूनी शिकंजा, वापस ली जाएगी सुरक्षा
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कैबिनेट मंत्री गायत्री प्रसाद प्रजापति पर रेप का आरोप लगाने वाली चित्रकूट की महिला की बेटी का बयान गुरुवार को दर्ज होने की उम्मीद है। रेप और यौन शोषण की एफआईआर की विवेचना कर रही सीओ आलमबाग अमिता सिंह बुधवार रात दिल्ली रवाना हो गईं।
उधर, गायत्री की वाई श्रेणी की सुरक्षा वापस लेने के लिए कवायद शुरू कर दी गई है। एसएसपी मंजिल सैनी ने एसपी अमेठी को पत्र लिखकर सुरक्षाकर्मियों से संबंधित जानकारियां मांगी हैं।
एसएसपी ने बताया कि पीड़िता की बेटी बीमार है। वह दिल्ली में एम्स में इलाज करा रही है। सीओ आलमबाग को दिल्ली भेजा गया है। वह किशोरी का मजिस्ट्रेटी बयान दर्ज कराएंगी। इसके बाद गायत्री की गिरफ्तारी के लिए कार्रवाई होगी। उधर, पीड़िता का कहना था कि पुलिस जब खुद गायत्री की सुरक्षा में लगी है तो उसे गिरफ्तार कैसे करेगी?
इस पर एसएसपी ने सुरक्षा हटाने की तैयारी की है। उन्होंने बताया कि गायत्री की सुरक्षा में कितने पुलिसकर्मी हैं, इस बाबत एसपी अमेठी को पत्र लिखकर पूछा गया है। यह ब्यौरा मिलने के बाद उनकी सुरक्षा में तैनात पुलिसकर्मियों को वापस लेने की कार्रवाई की जाएगी।
छह जुलाई को हुआ था किशोरी का यौन शोषण
पुलिस सूत्रों ने बताया कि एफआईआर की छानबीन में किशोरी का यौन शोषण छह जुलाई 2016 को होने की बात सामने आई है। यह जानकारी अब तक हुई छानबीन, पीड़िता व उसके परिवारीजनों के बयान और अन्य साक्ष्यों के आधार पर मिली है।
गायत्री सहित छह अन्य आरोपी गायब
पुलिस की छानबीन तेज होते ही गायत्री प्रजापति और रेप के पांच आरोपी गायब हो गए हैं। किसी ने गायत्री के दिल्ली में छिपे होने की जानकारी दी तो कुछ लोगों ने कुंडा में होने के बारे में बताया।
गायत्री के साथ रेप और यौन शोषण में आरोपी सभी छह लोगों के मोबाइल फोन की कॉल डिटेल खंगाली जा रही है। गायत्री की सुरक्षा में तैनात पुलिसकर्मियों का भी कुछ पता नहीं लग रहा है। एसएसपी ने बताया कि सुरक्षाकर्मियों के बारे में एसपी अमेठी से संपर्क किया गया है।
फोन पर बातचीत, एसएसएम और वॉट्सएप चैट के रिकॉर्ड मिले
पुलिस सूत्रों ने बताया कि गायत्री के मोबाइल फोन की कॉल डिटेल खंगालने पर पीड़िता से बातचीत, एसएमएस का आदान-प्रदान और वॉट्सएप पर चैटिंग के रिकॉर्ड मिले हैं।
गायत्री और पीड़िता की तीन-चार दिन में बातचीत और एसएमएस का आदान-प्रदान होता था। उनके साथ नामजद अन्य आरोपियों की कॉल डिटेल भी निकलवाई गई है।
गायत्री के करीबियों ने पीड़िता के खिलाफ दिए साक्ष्य
गायत्री को बचाने के लिए उनके करीबियों ने पीड़िता के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। उनका कहना है कि पीड़िता और गायत्री की मुलाकातें होती थीं लेकिन रेप का आरोप फर्जी है।
गायत्री को फंसाने के लिए विरोधियों के इशारे पर पीड़िता ने यह काम किया है। गायत्री के करीबियों ने एसएसपी मंजिल सैनी को पीड़िता के खिलाफ कई साक्ष्य सौंपे हैं। एसएसपी का कहना है कि जांच की जा रही है।