मांग: समायोजन न होने तक शिक्षामित्रों को मिले 30,000 मानदेय
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
समायोजन की मांग को लेकर शिक्षामित्रों ने मुख्यमंत्री अखिलेश यादव के लखनऊ स्थित आवास पर उनसे मुलाकात की।
इस दौरान शिक्षामित्रों के दल ने सीएम से जल्द से जल्द समायोजन करने की मांग की साथ ही समायोजन न होने तक 30,000 रुपये महीने मानदेय देने का आग्रह किया। सीएम ने उन्हें जल्द समाधान का आश्वसन दिया।
उप्र दूरस्थ बीटीसी शिक्षासंघ के प्रदेश अध्यक्ष अनिल कुमार यादव के साथ एक प्रतिनिधि मंडल बुधवार को सीएम से मिलने पहुंचा।
दिल्ली से लौटे इस दल ने सीएम अखिलेश को सुप्रीमकोर्ट में चल रहे शिक्षामित्रों के मामले में मंगलवार को हुई सुनवाई के बारे में बताया।
जानें क्या दिया सीएम ने जवाब
शिक्षामित्रों ने सीएम से बचे हुए 26 हजार शिक्षामित्रों के समायोजन की कार्यवाही जल्द से जल्द शुरू करने की मांग की।
शिक्षासंघ ने मुख्यमंत्री से आग्रह किया कि जब तक समायोजन की कार्यवाही पूरी नहीं हो जाती तब तक 3500 रुपये मानदेय की जगह 30,000 रुपये मानदेय दिया जाए।
सीएम अखिलेश ने उन्हें जल्द से जल्द उचित निर्णय लेने का आश्वासन दिया। साथ ही कहा कि वे मन लगाकर स्कूल में बच्चों को पढ़ाएं।