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संसद व समस्त विधानमंडलों की लाइब्रेरी को एक प्लेटफॉर्म पर लाएंगे : ओम बिरला बिरला
Fri, 17 Jan 2020 10:12 PM IST
ishwar ashish
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
Published by: ishwar ashish
Updated Fri, 17 Jan 2020 10:12 PM IST
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मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ व ओम बिड़ला।
- फोटो : अमर उजाला
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लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने कहा कि संसद सहित देश के सभी विधानमंडलों की लाइब्रेरी और डिबेट्स को एक प्लेटफॉर्म पर लाने का प्रयास किया जाएगा। इससे सभी जनप्रतिनिधि एक दूसरे की चर्चा को देख-सुन सकेंगे। इसके लिए एक कमेटी बनाई जाएगी। इससे सार्थक चर्चा का तंत्र मिलेगा। बिरला शुक्रवार को विधानसभा में राष्ट्रमंडल संसदीय संघ भारत क्षेत्र के सातवें सम्मेलन के समापन सत्र को संबोधित कर रहे थे।
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बिरला ने कहा कि जिस तरह कॉमनवेल्थ संसदीय सम्मेलन का आयोजन यहां किया गया है, उसी तरह राष्ट्रमंडल संसदीय संघ के माध्यम से लोकतंत्र के स्तंभ के रूप में काम करने वाली अन्य चुनी संस्थाएं-ग्राम पंचायत, नगरपालिका अध्यक्ष, जिला पंचायत अध्यक्ष के स्तर पर विभिन्न मुद्दों पर सम्मेलन करेंगे। युवा संसद व महिला संसद केस्तर पर सतत विकास लक्ष्य, जलवायु परिवर्तन जैसे मुद्दों पर सेमिनार किए जाएंगे। ये आयोजन अलग-अलग राज्यों में होंगे।
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बिरला ने कहा कि सभी प्रतिनिधि इस बात पर एकमत हैं कि विधानमंडलों को व्यवधानों के बिना सुचारू रूप से काम करना चाहिए। इसके लिए नियम बनाए जाएं साथ ही विधानमंडलों में नियमों में एकरूपता लाने के प्रयास होने चाहिए। इस ओर प्रयास किए जा रहे हैं।
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बजटीय प्रक्रिया समझाने के लिए मदद की भी पेशकश
बिरला ने दो दिनी सम्मेलन की चर्चा का उल्लेख करते हुए कहा कि कार्यपालिका की वित्तीय जवाबदेही सुनिश्चित करने के लिए विधानमंडलों को एक सजग प्रहरी की तरह काम करना चाहिए। बजटीय प्रक्रिया को समझने के लिए जनप्रतिनिधियों की क्षमता बढ़ाने की आवश्यकता है। इसकेलिए अनुभवी सांसदों व पदाधिकारियों की टीम उपलब्ध कराया जा सकता है।