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राममंदिर पर चूक अक्षम्य, गृह सचिव निलंबित
विष्णु मोहन/लखनऊ
Updated Mon, 14 Oct 2013 12:13 AM IST
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विवादास्पद पत्र जारी कर राज्य सरकार की स्थिति असहज करने के आरोप में गृह सचिव सर्वेश चंद्र मिश्र को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है।
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उनके खिलाफ विभागीय जांच के भी आदेश दिए गए हैं। निलंबन की अवधि में वह राजस्व परिषद से संबद्ध रहेंगे।
1997 बैच के आईएएस अफसर सर्वेश चंद्र मिश्र को शनिवार को प्रतीक्षारत जबकि अनुभाग अधिकारी पीपी पांडेय को निलंबित कर दिया था। मिश्र के निलंबन के आदेश रविवार शाम को जारी किए गए।
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प्रमुख सचिव गृह आरएम श्रीवास्तव के अनुसार मिश्र का निलंबन इसलिए हुआ क्योंकि विवादास्पद विषय वस्तु वाला पत्र उनके ही हस्ताक्षरों से जारी हुआ था।
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श्रीवास्तव ने बताया कि उक्त पत्र 14 अक्टूबर को आयोजित होने वाली एक बैठक के लिए कुछ विशेष अधिकारियों को बुलाने के लिए भेजा गया था।
बैठक विहिप द्वारा आहूत संकल्प दिवस के मौके पर की जानी वाली तैयारियों को लेकर थी। संबंधित जिला प्रशासन ने इस आयोजन को अनुमति नहीं दी है।
उक्त पत्र में बैठक का विषय ‘सोमनाथ मंदिर पुनर्निर्माण की ही तरह श्री रामजन्मभूमि पर भी भारत सरकार संसदीय कानून बनाकर मंदिर निर्माण के संबंध में’ लिखा गया था। इसे लेकर भ्रम की स्थिति पैदा हो गई थी।
मिश्र के निलंबन के आदेश में कहा गया है कि उन्होंने बैठक की नोटिस पर वास्तविक विषय न डालते हुए उसके स्थान पर गलत, अत्यधिक भ्रामक एवं विवादास्पद विषय अंकित करते हुए नोटिस पर हस्ताक्षर किए।
आदेश में कहा गया है कि मिश्र के इस कृत्य से अत्यंत ही असहज स्थिति उत्पन्न हुई और पूर्णतया गलत संदेश गया।
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