निकायों व प्राधिकरण कर्मियों का वेतन बढ़ा
प्रदेश सरकार ने सार्वजनिक उपक्रमों व नगर निकायों में काम करने वाले अवर अभियंताओं (जेई) के एसीपी में संशोधन किया है।
अब इन्हें 10 वर्ष की सेवा पूरी करने पर पहली एसीपी के रूप में 4600 के बजाय 4800 रुपये ग्रेड पे दिया जाएगा। प्रमुख सचिव वित्त राहुल भटनागर ने इसके औपचारिक आदेश जारी कर दिए हैं।
सार्वजनिक उपक्रमों के साथ ही नगर निगम, स्थानीय निकाय, जिला पंचायत, विकास प्राधिकरण एवं स्वशासी संस्थाओं में काम करने वाले अवर अभियंताओं को इसका लाभ मिलेगा।
यह आदेश उन्हीं संस्थाओं में लागू होगा जहां पुनरीक्षित वेतन संरचना लागू है।
फिलहाल इस तरह मिलता है वेतन
अभी अवर अभियंताओं को वेतन बैंड-2 के तहत ग्रेड वेतन 4200 रुपये मिलता है। 10 वर्ष की सेवा के बाद 4600 रुपये ग्रेड वेतन का एसीपी दिया जाता है। इसे बढ़ाकर 4800 किया गया है।
सरकार ने यह साफ कर दिया है कि इस व्यवस्था के लागू होने से जो भी अतिरिक्त व्यय भार होगा उसे संबंधित संस्था व निगम स्वयं वहन करेंगे। सरकार इसमें एक पैसा भी नहीं देगी।
इसे वहन करने के लिए संबंधित संस्था की वित्तीय क्षमता का परीक्षण उसी प्रकार होगा जैसा पुनरीक्षित वेतन संरचना लागू करने के समय किया गया था। हालांकि सरकार ने दूसरी व तीसरी एसीपी देने की व्यवस्था में कोई बदलाव नहीं किया है।