राजनाथ की लखनऊ लैंडिंग से पहले करारा झटका
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भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष राजनाथ सिंह बुधवार को राजधानी में आ रहे हैं।
लोकसभा की लखनऊ सीट से उम्मीदवार घोषित होने के बाद पहली बार यहां आ रहे हैं। उनके तीन दिन यहां रुकने का कार्यक्रम है।
राजनाथ के स्वागत के लिए मंगलवार को दिन भर अलग-अलग स्तरों पर बैठकों का दौर चलता रहा।
वहीं राजनाथ के बेटे व भाजपा के प्रदेश महामंत्री पंकज सिंह ने न सिर्फ तैयारियों की समीक्षा की बल्कि नाराज कार्यकर्ताओं की मान-मनौव्वल भी की।
राजनाथ बुधवार दोपहर 12.30 बजे विशेष विमान से नई दिल्ली से लखनऊ पहुंचेंगे।
राजनाथ के आने से पहले भाजपा को झटका
भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष राजनाथ सिंह के लखनऊ आगमन से पहले पार्टी को दो तगड़े झटके लगे हैं।
जिन्होंने न सिर्फ सिंह की रीति-नीति व रणनीति को चुनौती दे दी है बल्कि उनके फैसलों को भी कठघरे में खड़ा कर दिया है।
बांसी से भाजपा विधायक जयप्रताप सिंह ने जगदंबिका पाल को पार्टी में लेने से नाराज होकर अपनी पत्नी को डुमरियागंज से कांग्रेस का उम्मीदवार बनवाकर नेतृत्व को खुली चुनौती दे दी है।
उधर, भाजपा के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष ओमप्रकाश सिंह के पुत्र अनुराग सिंह ने पार्टी की सदस्यता से त्यागपत्र देने का ऐलान कर दिया है।
पाल पर बवाल
बांसी से पार्टी विधायक व भाजपा के पुराने नेता जयप्रताप सिंह कहते हैं कि वह जगदंबिका पाल की नीतियों के खिलाफ लड़ते रहे हैं।
उन्होंने पार्टी नेतृत्व को भी बता दिया था कि पाल शुरू से ही भाजपा कार्यकर्ताओं का उत्पीड़न करते रहे। इसलिए उन्हें टिकट न दिया जाए।
इसके बावजूद पाल को प्रत्याशी बना दिया गया। जयप्रताप ने कहा, ‘मेरा विरोध यथावत है। मैं पाल का समर्थन नहीं कर सकता।
रही बात पत्नी के कांग्रेस की प्रत्याशी होने की तो हर व्यक्ति अपना फैसला लेने के लिए स्वतंत्र है।
इस बीच, मिर्जापुर से मिली खबर के अनुसार, पार्टी के वरिष्ठ नेता व पूर्व प्रदेश अध्यक्ष ओमप्रकाश सिंह के पुत्र अनुराग सिंह ने पार्टी की सदस्यता छोड़ने की घोषणा कर भाजपा को झटका दे दिया है।
स्थितियां सामान्य नहीं
राजधानी लखनऊ में भले ही ऊपर से शांति दिख रही हो, लेकिन पार्टी के भीतर कुछ ठीक नहीं चल रहा है।
बांसी व मिर्जापुर के घटनाक्रम से समझा जा सकता है कि भाजपा के भीतर स्थितियां सामान्य नहीं हैं।
अब जब राजनाथ लखनऊ पहुंच रहे हैं तो देखने वाली बात यह होगी कि सूबे में तीन दिन रहने के दौरान वे प्रदेश की स्थितियों को किस तरह ठीक करने की कोशिश करते हैं।
सूत्रों का मानना है कि पार्टी का एक बड़ा खेमा राजनाथ सिंह की उम्मीदवारी को पचा नहीं पा रहा है। साथ ही लखनऊ में वे किस तरह लोगों को एकजुट करते हैं?
भाजपा के तीन प्रत्याशी और घोषित
भाजपा ने प्रदेश के प्रत्याशियों की छठीं सूची में तीन प्रत्याशियों की घोषणा की है।
पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव जेपी नड्ढा ने मंगलवार को दिल्ली में शरद त्रिपाठी को संतकबीरनगर, केशव मौर्य को फूलपुर और राजेश दिवाकर को हाथरस से उम्मीदवार घोषित किया।
शरद त्रिपाठी पार्टी के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष डा. रमापति राम त्रिपाठी के पुत्र हैं। केशव मौर्य इस समय पार्टी के विधायक है। राजेश दिवाकर कल्याण सिंह की पसंद है।
मिर्जापुर और प्रतापगढ़ सीट गठबंधन में अपना दल को दी गई है। इस तरह अब सिर्फ तीन सीटों रायबरेली,अमेटी और बांदा के प्रत्याशियों की ही घोषणा शेष रह गई है।