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मुख्तार अंसारी का दामन थामने को सिपाही ने छोड़ी थी नौकरी, पुलिस की दबिश से पहले भाग निकला शातिर
Thu, 24 Sep 2020 01:57 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
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Published by: लखनऊ ब्यूरो
Updated Thu, 24 Sep 2020 01:57 AM IST
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मुख्तार अंसारी
- फोटो : अमर उजाला।
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विधायक मुख्तार अंसारी का गुर्गा अभिषेक सिंह उर्फ बाबू सिंह जिस फ्लैट से गिरफ्तार किया गया था, वह एसटीएफ के पूर्व सिपाही तस्लीम खान ने किराये पर ले रखा था। हालांकि, पुलिस की दबिश से पहले ही वह फ्लैट से भाग निकला था। पुलिस आयुक्त सुजीत पांडेय ने तस्लीम के बारे में एसटीएफ के आईजी अमिताभ यश से जानकारी मांगी है। इस बीच तस्लीम को पुलिस महकमे से बर्खास्त किया गया था या उसने स्वैच्छिक सेवानिवृत्ति ली है, इस बारे में अधिकारी एक राय नहीं हैं।
पुलिस आयुक्त का कहना है कि जांच की जा रही है। तस्लीम खान को गिरफ्तार करने के लिए टीमें लगी हैं। एसीपी विभूतिखंड स्वतंत्र सिंह ने बताया कि तस्लीम खान मूलरूप से गाजीपुर का है। वह आजमगढ़ से स्थानांतरित होकर एसटीएफ में आया जहां से उसे लखनऊ की टीम में तैनाती दी गई।
एसटीएफ में रहकर वह मुख्तार की मुखबिरी करता था। तीन साल पहले उसे आजमगढ़ स्थानांतरित कर दिया गया। हालांकि, वह आजमगढ़ नहीं गया और ड्यूटी से गायब हो गया। उसके बाद से तस्लीम खान का कुछ पता नहीं चला। कोई कह रहा है कि उसे पुलिस सेवा से बर्खास्त कर दिया गया है जबकि कुछ के मुताबिक तस्लीम खान ने स्वैच्छिक सेवानिवृत्ति ले ली है।
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ताजा जानकारी के मुताबिक तस्लीम खान पिछले तीन साल से बाहुबली मुख्तार के लिए काम कर रहा है। मुख्तार के इशारे पर उसे रेलवे के कई बड़े ठेके मिले हैं। यहां वह गोमतीनगर के विजयखंड स्थित फैजल सिल्वर हाईट तीन अपार्टमेंट के चौथे तल पर किराये के फ्लैट में रह रहा था। बाबू खान भी उसके साथ बाहुबली के लिए जमीन का काम कर रहा था।
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पुलिस आयुक्त का कहना है कि जांच की जा रही है। तस्लीम खान को गिरफ्तार करने के लिए टीमें लगी हैं। एसीपी विभूतिखंड स्वतंत्र सिंह ने बताया कि तस्लीम खान मूलरूप से गाजीपुर का है। वह आजमगढ़ से स्थानांतरित होकर एसटीएफ में आया जहां से उसे लखनऊ की टीम में तैनाती दी गई।
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एसटीएफ में रहकर वह मुख्तार की मुखबिरी करता था। तीन साल पहले उसे आजमगढ़ स्थानांतरित कर दिया गया। हालांकि, वह आजमगढ़ नहीं गया और ड्यूटी से गायब हो गया। उसके बाद से तस्लीम खान का कुछ पता नहीं चला। कोई कह रहा है कि उसे पुलिस सेवा से बर्खास्त कर दिया गया है जबकि कुछ के मुताबिक तस्लीम खान ने स्वैच्छिक सेवानिवृत्ति ले ली है।
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ताजा जानकारी के मुताबिक तस्लीम खान पिछले तीन साल से बाहुबली मुख्तार के लिए काम कर रहा है। मुख्तार के इशारे पर उसे रेलवे के कई बड़े ठेके मिले हैं। यहां वह गोमतीनगर के विजयखंड स्थित फैजल सिल्वर हाईट तीन अपार्टमेंट के चौथे तल पर किराये के फ्लैट में रह रहा था। बाबू खान भी उसके साथ बाहुबली के लिए जमीन का काम कर रहा था।
पुलिस की मुखबिरी से तो नहीं भागा प्रदीप सिंह
मुख्तार का खास प्रदीप सिंह किसी पुलिसकर्मी की मुखबिरी से तो नहीं भागा था। पुलिस अधिकारियों ने इस दिशा में छानबीन शुरू कर दी है। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि प्रदीप के सरस्वती अपार्टमेंट स्थित फ्लैट में पुलिस टीम जानी थी, यह कुछ लोगों को ही पता था।
अपार्टमेंट के सीसीटीवी कैमरों में प्रदीप सुबह 11 बजकर 26 मिनट पर बाहर जाते दिखा है। इसके कुछ ही देर बाद पुलिस की टीम अपार्टमेंट पहुंच गई थी। पुलिस को शक है कि प्रदीप को पुलिस के आने की भनक लग गई थी इसलिए वह भाग निकला। उसे किसने खबर दी? यह पता लगाया जा रहा है।
कॉल डिटेल से कनेक्शन खंगालने में जुटीं टीमें
कुख्यात अभिषेक सिंह उर्फ बाबू सिंह, प्रदीप सिंह समेत अन्य गिरफ्तार बदमाशों के मोबाइल फोन की कॉल डिटेल से उनके व माफिया सरगनाओं के बीच के कनेक्शन खंगालने के लिए क्राइम ब्रांच और सर्विलांस की टीमें लगाई गई हैं। पुलिस आयुक्त ने बताया कि मोबाइल की कॉल डिटेल से कई और लोग बेनकाब होंगे। साथ ही बाहुबली और माफिया सरगनाओं की राजधानी में पैठ का अंदाजा भी होगा।
अपार्टमेंट के सीसीटीवी कैमरों में प्रदीप सुबह 11 बजकर 26 मिनट पर बाहर जाते दिखा है। इसके कुछ ही देर बाद पुलिस की टीम अपार्टमेंट पहुंच गई थी। पुलिस को शक है कि प्रदीप को पुलिस के आने की भनक लग गई थी इसलिए वह भाग निकला। उसे किसने खबर दी? यह पता लगाया जा रहा है।
कॉल डिटेल से कनेक्शन खंगालने में जुटीं टीमें
कुख्यात अभिषेक सिंह उर्फ बाबू सिंह, प्रदीप सिंह समेत अन्य गिरफ्तार बदमाशों के मोबाइल फोन की कॉल डिटेल से उनके व माफिया सरगनाओं के बीच के कनेक्शन खंगालने के लिए क्राइम ब्रांच और सर्विलांस की टीमें लगाई गई हैं। पुलिस आयुक्त ने बताया कि मोबाइल की कॉल डिटेल से कई और लोग बेनकाब होंगे। साथ ही बाहुबली और माफिया सरगनाओं की राजधानी में पैठ का अंदाजा भी होगा।