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Lucknow News: पक्षियों की गिनती में... पहली बार मोर

Fri, 05 Jan 2024 01:30 AM IST
लखनऊ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, लखनऊ
संवाद न्यूज एजेंसी, लखनऊ Updated Fri, 05 Jan 2024 01:30 AM IST
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peacock numbering
(राष्ट्रीय पक्षी दिवस पर विशेष)
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गौरी त्रिवेदी
लखनऊ। राजधानी में पहली बार राष्ट्रीय पक्षी मोर की संख्या जानने के लिए इन्हें सेंसेज में शामिल किया जा रहा है। फरवरी में होने जा रही पक्षियों की गिनती में इस बार मोर को भी शामिल किया जा रहा है। वन विभाग की जंगल साइटों पर मोर की अच्छी संख्या है। विशेषज्ञों की मानें तो केवल लखनऊ शहर में ही मोरों की संख्या 2 से 3 हजार होगी। वहीं जू में मौजूद मोर विशेष एक्टिविटी भी करते हैं।
अवध वन प्रभाग के डीएफओ डॉ. रवि कुमार सिंह ने बताया कि लखनऊ में मोर की अच्छी खासी संख्या है। यह ऐसे ही बनी रहे इसलिए हमें एहतियात भी बरतने चाहिए। किसानों से अपील है कि वह फसल के लिए गुणवत्तापरक खाद का ही प्रयोग करें जिससे फसल को खाने के बाद भी इन्हें नुकसान न पहुंचे। बहुत सी दुघर्टनाओं में हमने देखा है कि मोर के पोस्टमार्टम में उनके पेट में धान के दाने निकले जो हानिकारक खाद में उगे थे जिस कारण उनकी मृत्यु हुई। मोर को कुत्तों से भी खतरा रहता है। संवाद
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ऐसे होती है पक्षियों की गिनती
लाइन ट्रांसेक्ट मैथेड के जरिए पक्षियों की गिनती की जाती है। पहले दिन यह देखा जाता है कि आज कितने दिखे। फिर दूसरे दिन पहले दिन वाली प्रक्रिया अपनाई जाती है। जहां-जहां पक्षी पाए जाते हैंं वहां जाकर पता किया जाता है कि कितने देखे गए हैं। एक दिन में सुबह व शाम को कितने देखे गए। गणना की जाती है कि कितने नर, कितने मादा, कितने बच्चे शामिल हैं।
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यहां है मोर की सबसे ज्यादा संख्या
मैंगो रिसर्च सेंटर, नेशनल बर्ड जंगल, एसजीपीजीआई के पास घने जंगलों में, डॉ. भीमराव अंबेडकर यूनिवर्सिटी, एनबीआरआई बंथरा आईटीआर कैंपस, ऊदा देवी पार्क, विभूति खंड स्थित अरण्य भवन, कुकरैल संरक्षित वन व वन विभाग की सभी जंगल साइटों में मोर बहुतायत में हैं।
चिड़ियाघर में हैं लगभग 200 मोर

जू के उप निदेशक उत्कर्ष शुक्ला ने बताया कि जू में लगभग 200 मोर हैं जिनके भोजन की पूरी व्यवस्था है लेकिन उन्हें किसी पिंजरे में कैद नहीं किया गया है। इनकी खास बात है कि ये बेहद शांत व निडर हैं। साथ ही पर्यटकों से काफी घुले-मिले हैं। पर्यटकों को देखते ही ये पूरे पंख खोलकर नाचने लगते हैं।

पर्यटकों को लुभाता है सफेद मोर का यह जोड़ा
जू में मौजूद सफेद पिकॉक की खूबसूरती पर्यटकों को खूब लुभाती है। सफेद मोर को एल्बिनो कहा जाता है। ईसाई धर्म में सफेद मोर को स्वयं यीशु मसीह का प्रतीक माना जाता है। यही वजह है कि ईसाई समुदाय के लोग यहां पर इन मोर के सामने आराधना भी करते हैं। जू के उप निदेशक व चिकित्सक उत्कर्ष शुक्ला ने बताया कि ईसाई समुदाय के लोग इनके बाड़े के सामने अक्सर नजर आते हैं।
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