{"_id":"65ac461c86c6cb9def025aa0","slug":"one-crore-cheated-on-the-pretext-of-getting-land-for-plotting-lucknow-news-c-13-lko1012-580398-2024-01-21","type":"story","status":"publish","title_hn":"Lucknow News: प्लॉटिंग के लिए जमीन दिलाने का झांसा देकर एक करोड़ ठगे","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Lucknow News: प्लॉटिंग के लिए जमीन दिलाने का झांसा देकर एक करोड़ ठगे
Sun, 21 Jan 2024 03:46 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, लखनऊ
संवाद न्यूज एजेंसी, लखनऊ
Updated Sun, 21 Jan 2024 03:46 AM IST
विज्ञापन
लखनऊ। गोमतीनगर के युवक को प्लॉटिंग के लिए जमीन दिलाने का झांसा देकर जालसाज ने एक करोड़ रुपये ठग लिए। शुक्रवार को डीसीपी पूर्वी के आदेश पर पुलिस ने एफआईआर दर्ज की है।
वरदानखंड निवासी राजदेव यादव के मुताबिक दोस्त आस्तिक ने वर्ष 2015 में उनकी मुलाकात खरगापुर निवासी नागेंद्र यादव से कराई थी। नागेंद्र ने बताया कि वह कंपनियों के लिए जमीन तलाशता है और प्लाॅटिंग भी करता है। कुछ दिन बाद नागेंद्र ने राजदेव को कंपनी बनाकर जमीन बेचने का प्रस्ताव देते हुए कहा कि उसने जेल रोड के करीब शिवलर गांव तथा गोसाईंगंज में किसानों की सौ बीघा जमीन एक कंपनी के लिए तलाशी थी। ये जमीन वह उन्हें दिला सकता है।
नागेंद्र ने राजदेव को भरोसा दिलाने के लिए किसानों से किए गए 20 बीघा जमीन के अनुबंध पत्र भी दिखाए। इस पर उन्होंने कंपनी खोल दी तो नगेंद्र ने उक्त जमीनों का एग्रीमेंट कर उनसे एक करोड़ रुपये ले लिए। राजदेव ने जब नागेंद्र से रजिस्ट्री कराने को कहा तो वह टालमटोल करने लगा। राजदेव जब किसानों से मिले तो उन्होंने अनुबंध होने से इंकार कर दिया। पीड़ित ने नागेंद्र से रकम वापस मांगी तो उसने जान से मारने की धमकी दी।
विज्ञापन
विज्ञापन
वरदानखंड निवासी राजदेव यादव के मुताबिक दोस्त आस्तिक ने वर्ष 2015 में उनकी मुलाकात खरगापुर निवासी नागेंद्र यादव से कराई थी। नागेंद्र ने बताया कि वह कंपनियों के लिए जमीन तलाशता है और प्लाॅटिंग भी करता है। कुछ दिन बाद नागेंद्र ने राजदेव को कंपनी बनाकर जमीन बेचने का प्रस्ताव देते हुए कहा कि उसने जेल रोड के करीब शिवलर गांव तथा गोसाईंगंज में किसानों की सौ बीघा जमीन एक कंपनी के लिए तलाशी थी। ये जमीन वह उन्हें दिला सकता है।
विज्ञापन
नागेंद्र ने राजदेव को भरोसा दिलाने के लिए किसानों से किए गए 20 बीघा जमीन के अनुबंध पत्र भी दिखाए। इस पर उन्होंने कंपनी खोल दी तो नगेंद्र ने उक्त जमीनों का एग्रीमेंट कर उनसे एक करोड़ रुपये ले लिए। राजदेव ने जब नागेंद्र से रजिस्ट्री कराने को कहा तो वह टालमटोल करने लगा। राजदेव जब किसानों से मिले तो उन्होंने अनुबंध होने से इंकार कर दिया। पीड़ित ने नागेंद्र से रकम वापस मांगी तो उसने जान से मारने की धमकी दी।
विज्ञापन