नई गाड़ी में भी लगा सकेंगे अपनी पुरानी लकी नंबरप्लेट
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अगर आप नई गाड़ी ले रहे हैं, लेकिन पुरानी गाड़ी का नंबर पसंद है तो यह खबर आपके लिए ही है। सरकार जल्द ही मोबाइल की तर्ज पर नंबर पोर्टेबिलिटी की सुविधा देगी। इसके तहत पुराने वाहन का रजिस्ट्रेशन नंबर नए वाहन के लिए आवंटित कराया जा सकेगा।
इसमें नंबर तो पुराना वाला मिल जाएगा लेकिन सिरीज वर्तमान में जो चल रही है, वही मिलेगी। इस सुविधा के लिए 25 हजार रुपये शुल्क चुकाना होगा।
इसके लिए सपा सरकार उत्तर प्रदेश मोटरयान नियमावली में संशोधन करेगी। परिवहन विभाग ने इसका प्रस्ताव तैयार कर लिया है। जल्द ही इसे कैबिनेट के सामने रखा जाएगा।
वहां से हरी झंडी मिलने के बाद नए वाहनों के लिए पुराने वाहनों के रजिस्ट्रेशन नंबर आवंटित किए जा सकेंगे। यह सुविधा ऑनलाइन मुहैया कराई जाएगी।
इस वजह से शुरू की जा रही है नंबर पोर्टेबिलिटी सुविधा
दरअसल, कई लोग अपने पुराने वाहन के रजिस्ट्रेशन नंबर को लकी मानते हैं। वहीं, कुछ लोग ज्योतिषीय आधार पर वाहन का रजिस्ट्रेशन नंबर चुनते हैं और नए वाहन के लिए भी वही नंबर चाहते हैं।
कुछ ऐसे भी लोग हैं जो अपने काफिले में समान रजिस्ट्रेशन नंबर वाले वाहन पसंद करते हैं। इन्हीं सबको देखते हुए परिवहन विभाग ने वाहनों के रजिस्ट्रेशन नंबर की पोर्टेबिलिटी की योजना बनाई है।
महाराष्ट्र में है यह सुविधा
महाराष्ट्र में यह सुविधा पहले से मौजूद है। वहां भी इसके लिए 25 हजार रुपये शुल्क देना होता है। वहां मुंबई, नागपुर, पुणे जैसे बड़े जिलों में इसका अच्छा रिस्पांस मिल रहा है।