मोदी सरकार की पाक नीति पर मायावती ने उठाए सवाल, किया वार
बसपा सुप्रीमो मायावती ने केंद्र सरकार से पाकिस्तान नीति पर रुख साफ करने की मांग की है। उन्होंने सरकार को आगाह किया है कि उसे पाकिस्तान से काफी सतर्क हो जाना चाहिए और विपक्ष को विश्वास में लेकर कोई नीति बनानी चाहिए।
पूर्व मुख्यमंत्री मायावती ने सोमवार को यहां जारी एक बयान में केंद्रीय गृहमंत्री राजनाथ सिंह का नाम लिए बगैर कहा कि देश के लोग अंधकार में ही हैं कि पाकिस्तान के संयुक्त जांच दल (जेआईटी) के आने का नतीजा भारतीय दृष्टिकोण से कितना सफल रहा है? साथ ही यह भी सवाल बना हुआ है कि क्या वाकई इस पहल का कोई अच्छा नतीजा आगे निकल पाएगा?
बताते चलें, दो दिन पहले गृहमंत्री ने पाकिस्तान को लेकर कूटनीतिक सफलता का दावा करते हुए कहा था कि पहली बार ऐसा हो रहा है जब हमला भारत में हो रहा है और एफआईआर पाकिस्तान को दर्ज करनी पड़ रही है। समझा जा रहा है कि मायावती ने राजनाथ के बयान पर ही सवाल उठाया है।
जेआईटी ने भारत के रुख पर ही उठाए सवाल
बसपा अध्यक्ष ने कहा कि पठानकोट वायुसेना हवाई अड्डे पर हुए आतंकी हमले के संबंध में पाकिस्तान से आई जेआईटी ने नकारात्मक रवैया अपनाया है और भारत पर पुख्ता सुबूत मुहैया नहीं कराने का आरोप लगाया है।
इससे आतंकवाद से निपटने के लिए सहयोग न करने की पाकिस्तान की नीयत साफ नजर आती है। ऐसे में देश के लोगों को केंद्र सरकार का स्टैंड साफ होने का इंतजार है।
विपक्ष को विश्वास में लेकर काम करे केंद्र सरकार
मायावती ने कहा कि केंद्र को देश की प्रमुख विपक्षी पार्टियों को विश्वास में लेकर काम करना चाहिए। साथ ही कोई नई पहल शुरू करने से पहले सर्वदलीय बैठक कर आम राय बनानी चाहिए।
पाकिस्तान के साथ विदेश नीति का मामला सीधे तौर पर देशहित व देश की सुरक्षा से जुड़ा है। ऐसे में एक मजबूत इरादे वाली स्थायी नीति पर अमल करने की जरूरत है।