चुनाव से पहले राम मंदिर का रास्ता साफ नहीं हुआ तो कर लूंगा आत्मदाह: परमहंस
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रामंमदिर निर्माण की मांग को लेकर अनशन करने वाले तपस्वी छावनी मंदिर के महंत परमहंस दास एसजीपीजीआई लखनऊ में पांच दिनों के इलाज के बाद शनिवार को अयोध्या पहुंचे। यहां पहुंचते ही परमहंस ने कहा कि यदि चुनाव आचार संहिता लगने से पहले राम मंदिर का निर्माण शुरू नहीं हुआ तो असहयोग आंदोलन करूंगा।
फिर भी सरकार गंभीर नहीं हुई तो आत्मदाह कर लूंगा। मुझे विश्वास है कि चुनाव से पहले राम मंदिर का निर्माण शुरू हो जाएगा। एक दिसंबर तक स्थिति साफ हो जाएगी।
महंत ने राममंदिर पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के रुख की प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि मेरे पहुंचने पर मुख्यमंत्री ने मेरी अगुवानी की। उन्होंने स्पष्ट किया कि राममंदिर करोड़ों हिंदुओं की आस्था का विषय है। उन्होंने राममंदिर के लिए अपने गुरू अवैद्यनाथ के योगदानों की भी बात कही और आश्वस्त किया कि वे हमारी मांग प्रधानमंत्री तक पहुंचाएंगे और शीघ्र उनसे मुलाकात कराएंगे।
जरूरी हुआ तो राष्ट्रपति से भी मुलाकात कराएंगे। सरकार का रुख देखकर मन प्रसन्न है। 2019 के चुनाव से पहले राममंदिर निर्माण शुरू हो जाएगा चाहे कोर्ट से या फिर काननू बनाकर। ऐसा न हुआ तो मैं असहयोग आंदोलन करूंगा। हमारा आंदोलन हिंसक नहीं होगा। राममंदिर के लिए सभी राजनीतिक पार्टियों को एकजुट होकर हाथ बढ़ाना चाहिए।
डॉक्टरों ने बलपूर्वक पिलाई दवा
अयोध्या वापसी के बाद महंत परमहंस दास ने पत्रकारों से बात करते हुए बताया कि, प्रशासन द्वारा उन्हें अनशन से बलपूर्वक उठाकर लखनऊ ले जाकर पीजीआई में भर्ती करा दिया गया। वहां डॉक्टरों ने मेरी हालत गंभीर बताते हुए भर्ती कराना जरूरी बताया। कहा कि मैंने इलाज कराने से मना किया मगर मुझे जबरन दवा पिलाई गई। जबरन इलाज किया गया। इसी बीच नगर विधायक वेद गुप्ता मिलने आते-जाते रहे और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मुलाकात कराई। उनसे मिले आश्वासन के बाद मैंने अनशन तोड़ा है।