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लॉकडाउन में भी यूपी में कम नहीं हुआ जंगलराज : अखिलेश यादव

Thu, 07 May 2020 09:28 PM IST
ishwar ashish न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ Published by: ishwar ashish Updated Thu, 07 May 2020 09:28 PM IST
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Lockdown could not prevent crimes in Uttar Pradesh says Akhilesh Yadav.
सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव। - फोटो : amar ujala

समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष व पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने कहा कि लॉकडाउन में समाज का हर वर्ग सरकारी प्रयासों का समर्थन कर रहा है, इसके बाद भी मुख्यमंत्री, उनकी टीम-11 तथा आला अफसरों के नियंत्रण में न तो स्वास्थ्य सेवाएं हैं और न ही कानून व्यवस्था। लॉकडाउन में भी जंगलराज कम नहीं हुआ। हत्या, बलात्कार, लूट की घटनाओं में कमी नहीं हो रही है।

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उन्होंने आगरा मंडल की घटनाओं का जिक्र करते हुए आरोप लगाया कि कोरोना पॉजिटिव महिला सिपाही को समय से उपचार नहीं मिला। बेटी का जन्म हुआ पर मां की मौत से परिवार पर दुख का पहाड़ टूट पड़ा। कार में ही छह घंटे तक शव पड़ा रहा। एसएन मेडिकल कालेज में कैंसर पीड़ित महिला का पैर चूहे ने कुतर दिया। कन्नौज के गुरुसहायगंज थाना क्षेत्र में बेटी के साथ बलात्कार ने सभी मर्यादाओं की धज्जियां उड़ गयी।
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चित्रकूट में भाजपा सांसद के पेट्रोल पंप पर 50 हजार रुपये की लूट हो गई। मुख्यमंत्री के गृह जनपद गोरखपुर में सत्ता के संरक्षण में दबंगों ने अनुसूचित जाति के भूमिहीन लोगों की फसल को उजाड़ दिया। प्रयागराज के आंधी गांव में नंदलाल सहित परिवार के तीन सदस्यों के मर्डर से दहशत है। निगोहां के मस्तीपुर गांव में आवारा युवकों ने दारोगा की वर्दी फाड़ दी, पुलिस पर पथराव किया। उन्होंने कहा कि बृहस्पतिवार को ही वाराणसी, एटा और गाजियाबाद में हत्याएं हुईं।

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कर्मियों को वेतन नहीं देने पर कटाक्ष

अखिलेश यादव ने ट्वीट कर कहा कि जल निगम तीन महीने से कर्मचारियों को वेतन नहीं दे रहा, पर मुखिया जी के तथाकथित कोरोना सहायता कोष में दान दे रहा है। उधर, रेलवे के पास भी दान के लिए तो धन है पर मजदूरों को फ्री घर पहुंचाने के लिए नहीं है।

इस मामले में जल निगम के प्रबंध निदेशक विकास गोठलवाल ने बताया कि खर्च के मुकाबले निगम की आय पर्याप्त नहीं है। विगत महीनों में कर्मियों को लगातार वेतन और पेंशन दी गई। इस समय सिर्फ वेतन और पेंशन भुगतान में दो माह का बैकलॉग है।

सामाजिक दायित्वों को ध्यान में रखते हुए एक दिन का वेतन मुख्यमंत्री कोविड -19 फंड में स्वेच्छा से दिया गया है।

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