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बहराइच : घर के सामने से 12 साल के बच्चे को गन्ने के खेत में खींच ले गया तेंदुआ
Tue, 19 Mar 2019 08:26 PM IST
Amulya Rastogi
न्यूज डेस्क, अमर उजाला बहराइच
न्यूज डेस्क, अमर उजाला बहराइच
Published by: Amulya Rastogi
Updated Tue, 19 Mar 2019 08:26 PM IST
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डल्लापुरवा संधईपुरवा गांव निवासी एक ग्रामीण का 12 वर्षीय पुत्र रात में घर के सामने लगे हैंडपंप पर पानी पीने गया। तभी घात लगाकर बैठा तेंदुआ बच्चे को गन्ने के खेत में खींच ले गया। काफी खोजबीन के बाद बच्चे का क्षत-विक्षत शव आधा किलोमीटर की दूरी पर मिला। इससे घर में कोहराम मच गया। रात में ही पुलिस और वनाधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर कांबिंग शुरू की। शव का पंचनामा कर पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया। तेंदुए के हमले से क्षेत्र के लोग दहशत में हैं।
बहराइच वन प्रभाग के नानपारा रेंज अंतर्गत डल्लापुरवा संधईपुरवा गांव घाघरा के कछार में बसा हुआ है। गांव निवासी वनशंभू के मकान के ठीक सामने हैंडपंप लगा हुआ है। देर रात वनशंभू का 12 वर्षीय पुत्र दीपू प्यास लगने पर पानी पीने हैंडपंप पर गया। तभी झाड़ियों में छिपे तेंदुए ने दीपू पर हमला कर दिया। तेंदुआ दीपू को घने गन्ने के खेत में खींच ले गया।
चीख सुनकर परिवार के लोग दौड़े। गांव के लोग भी एकत्रित हो गए। खोजबीन शुरू हो गई। देर रात घर से आधा किलोमीटर की दूरी पर दीपू का क्षत-विक्षत शव खेत में मिला। इस पर परिवारीजन बिलख उठे। मौके पर तेंदुए के पदचिन्ह औेर गुर्रार्हट सुनकर ग्रामीणों ने रात में ही खैरीघाट पुलिस और वन विभाग के अधिकारियों को सूचना दी।
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बहराइच वन प्रभाग के नानपारा रेंज अंतर्गत डल्लापुरवा संधईपुरवा गांव घाघरा के कछार में बसा हुआ है। गांव निवासी वनशंभू के मकान के ठीक सामने हैंडपंप लगा हुआ है। देर रात वनशंभू का 12 वर्षीय पुत्र दीपू प्यास लगने पर पानी पीने हैंडपंप पर गया। तभी झाड़ियों में छिपे तेंदुए ने दीपू पर हमला कर दिया। तेंदुआ दीपू को घने गन्ने के खेत में खींच ले गया।
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चीख सुनकर परिवार के लोग दौड़े। गांव के लोग भी एकत्रित हो गए। खोजबीन शुरू हो गई। देर रात घर से आधा किलोमीटर की दूरी पर दीपू का क्षत-विक्षत शव खेत में मिला। इस पर परिवारीजन बिलख उठे। मौके पर तेंदुए के पदचिन्ह औेर गुर्रार्हट सुनकर ग्रामीणों ने रात में ही खैरीघाट पुलिस और वन विभाग के अधिकारियों को सूचना दी।
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डीएफओ आरपी सिंह, खैरीघाट थानाध्यक्ष ओपी चौहान, बैबाकी चौकी इंचार्ज अशोक कुमार सिंह रात में ही दलबल के साथ मौके पर पहुंच गए। डीएफओ ने बताया कि पदचिन्हों से तेंदुए के हमले की पुष्टि हुई है। शव का पंचनामा करवाकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। तेंदुए पर नजर रखने के लिए दो टीमें गठित की गई हैं। जो निरंतर कांबिंग करेंगी।
ग्रामीणों को समूह में खेत जाने की हिदायत
डीएफओ आरपी सिंह ने बताया कि कछार का इलाका है। गांव कतर्नियाघाट संरक्षित वन क्षेत्र के मोतीपुर रेंज से सटा हुआ है। ऐसे में तेंदुए के आने से इंकार नहीं किया जा सकता। ग्रामीणों को सजग रहने की जरूरत है। खेत-खलिहान में समूह में जाने की हिदायत दी गई है।
ग्रामीणों को समूह में खेत जाने की हिदायत
डीएफओ आरपी सिंह ने बताया कि कछार का इलाका है। गांव कतर्नियाघाट संरक्षित वन क्षेत्र के मोतीपुर रेंज से सटा हुआ है। ऐसे में तेंदुए के आने से इंकार नहीं किया जा सकता। ग्रामीणों को सजग रहने की जरूरत है। खेत-खलिहान में समूह में जाने की हिदायत दी गई है।