फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lucknow News ›   laying the foundation of defence corridor not possible before lok sabha election

लोकसभा चुनाव से पहले डिफेंस कॉरिडोर का शिलान्यास मुश्किल, अभी तक जमीन का अधिग्रहण भी नहीं

Fri, 12 Oct 2018 01:50 PM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ Updated Fri, 12 Oct 2018 01:50 PM IST
विज्ञापन
laying the foundation of defence corridor not possible before lok sabha election
नरेंद्र मोदी - फोटो : डेमो

लोकसभा चुनाव से पहले डिफेंस कॉरिडोर के शिलान्यास की संभावना नजर नहीं आ रही है। दरअसल, प्रदेश सरकार ने अप्रैल-2019 तक  कॉरिडोर के लिए जमीन खरीदने और अधिग्रहण की योजना बनाई है। इसके पहले ही लोकसभा चुनाव की दुंदुभी बजने की संभावना है। ऐसे में कॉरिडोर का भविष्य केंद्र की नई सरकार पर निर्भर करेगा।

विज्ञापन


प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने फरवरी में आयोजित यूपी इन्वेस्टर्स समिट में बुंदेलख्ंाड के विकास को ध्यान में रखकर डिफेंस कॉरिडोर बनाने का एलान किया था। मोदी ने कहा था कि यह कॉरिडोर अलीगढ़, आगरा, कानपुर, लखनऊ और चित्रकूट को जोड़ेगा और 2.5 लाख लोगों को रोजगार मिलेगा।
विज्ञापन


उम्मीद थी कि लोकसभा चुनाव से पहले भूमि अधिग्रहण का काम पूरा कर कॉरिडोर का शिलान्यास करा दिया जाएगा। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और केंद्रीय रक्षा मंत्री निर्मला सीतारमण ने कॉरिडोर को लेकर पिछले महीनों में प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों में कई कार्यशालाएं की। इससे भी कॉरिडोर के जल्द शिलान्यास को बल मिला था।
विज्ञापन
विज्ञापन


शासन के एक अधिकारी ने बताया कि  जमीन चिह्नित करने का काम पूरा हो गया है। मुख्यमंत्री ने पिछलों दिनों कॉरिडोर के प्रगति की जानकारी के लिए बुलाई गई बैठक में अफसरों को कम लागत और अधिकाशंत: ग्राम समाज व बंजर भूमि लेने के निर्देश दिए थे।

दिसंबर तक एसपीवी गठित करने की तैयारी

इसके बाद करीब 4,440 हेक्टेयर जमीन खरीदने या अधिग्रहण के लिए चिह्नित की गई है। अब जमीन खरीद का काम नवंबर-2018 से अप्रैल-2019 तक पूरा करना है। इसमें 640 हेक्टेयर जमीन यूपीएसआईडीसी की है।

बाकी ग्राम समाज या आम लोगों की होगी। शिलान्यास के लिए कम से कम 70 प्रतिशत जमीन का अधिग्रहण आवश्यक है।यदि फरवरी-मार्च में चुनाव की अधिसूचना की संभावना हुई तो शिलान्यास मुश्किल हो जाएगा। वजह, जमीन खरीदना तो आसान है लेकिन अधिग्रहण की लंबी प्रक्रिया के चलते समय अधिक समय लगेगा।

प्रदेश सरकार ने डिफेंस कॉरिडोर की स्थापना के लिए स्पेशल परपज व्हीकल (एसपीवी) बनाने की योजना बनाई है। इसकी कार्यवाही दिसंबर के अंत तक  पूरीकरने का लक्ष्य है। इसके अलावा कॉरिडोर के कार्यों को तय टाइमलाइन पर क्रियान्वित करने के लिए आवश्यक पदों का सृजन भी करने का प्रस्ताव है।

आईआईटी कानपुर और बीएचयू में स्थापित होगा सेंटर ऑफ एक्सीलेंस 

प्रदेश सरकार ने आईआईटी कानपुर और आईआईटी काशी हिंदू विश्वविद्यालय में डिफेंस कॉरिडोर से संबंधित सेंटर ऑफ एक्सीलेंस स्थापित करने का फैसला किया है। इससे जुड़े  प्रस्ताव पर शासन स्तर पर कार्यवाही चल रही है।

कॉरिडोर के लिए खरीदने या अधिग्रहण के लिए चिह्नित भूमि
चित्रकूट        500 हेक्टेयर
झांसी            3025.348 हेक्टेयर
जालौन         200 हेक्टेयर
अलीगढ़         100 हेक्टेयर
आगरा            300 हेक्टेयर यूपीएसआईडीसी
कानपुर            340 हेक्टेयर यूपीएसआई
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed