एयरपोर्ट की तरह होगा यूपी का यह बस अड्डा, जानें खासियत
- सरकार ने 11 करोड़ रुपये खर्च करने की दी है मंजूरी
- पुराने निर्माण में कोई तोड़फोड़ नहीं होगी
- यूपी का यह पहला फुली एयरकंडीशन होगा बस अड्डा
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
कैसरबाग को मॉडल बस अड्डा बनाने के प्रस्ताव को कैबिनेट ने बुधवार को मंजूरी दे दी। राजधानी में एयरपोर्ट की तर्ज पर बनने जा रहा यह यूपी का पहला बस अड्डा होगा जो पूरी तरह एयरकंडीशन, ऑटोमैटिक सिस्टम और आधुनिक सुविधाओं से लैस होगा।
इस बस अड्डे में यात्री टिकट लेकर ही एंट्री पाएंगे। जो परिवारीजन यात्री के साथ बस तक जाना चाहते हैं उन्हें प्लेटफॉर्म टिकट खरीदना होगा।
परिवहन राज्य मंत्री याशर शाह ने बताया कि उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम के इस मॉडल बस अड्डे के प्रस्ताव को बुधवार कैबिनेट ने मंजूरी दे दी है।
सरकार ने इस काम के लिए 11 करोड़ रुपये खर्च करने की मंजूरी दी है। मॉडल बस अड्डे को बनाने का कार्य इसी महीने शुरू होगा। मॉडल बस अड्डे को बनाने के दौरान पुराने निर्माण में कोई तोड़फोड़ नहीं होगी।
बस आने तक लाउंज में वेट करने की होगी सुविधा
ये होंगी सुविधाएं
- कैसरबाग का मॉडल बस अड्डा यूपी का पहला फुली एयरकंडीशन बस अड्डा बनेगा। एंट्री के साथ ही टिकट काउंटर से वेटिंग लाउंज तक यात्रियों को कूल-कूल एहसास होगा।
- बस की टिकट बुक होने के बाद यात्री को बस के प्लेटफॉर्म तक जाना होगा। बस आने तक लाउंज में वेट करने की सुविधा होगी।
- बस अड्डे के अंदर रेस्टोरेंट और आवश्यक वस्तुओं के काउंटर खुलेंगे। यात्रियों को बाहर नहीं आना पड़ेगा।
- बस अड्डे पर कंट्रोल सेंसिंग डोर लगेंगे जिसका ऑटोमैटिक संचालन होगा।
एयरकंडीशन से लेकर अन्य उपकरणों में इस्तेमाल होने वाली बिजली सोलर पॉवर प्लांट से मिलेगी। निर्माण इकाई के अधिशासी अभियंता इरफान के मुताबिक अधिक बिजली बनने पर उत्तर प्रदेश पॉवर कॉर्पोरेशन को सप्लाई करेंगे।
जरूरत पड़ने पर यह बिजली उनसे वापस ली जा सकेगी। लखनऊ परिक्षेत्र के क्षेत्रीय प्रबंधक अखिलेश कुमार सिंह ने बताया कि मॉडल बस अड्डा बनने का काम शुरू होते ही बसों का संचालन कैसरबाग और अवध डिपो की वर्कशॉप से शुरू किया जाएगा। दरअसल निर्माण कार्य के दौरान बस संचालन करना मुश्किल होगा।