Covid 19: संदिग्ध मरीजों की मौत पर पहले जांच, फिर होगा अंतिम संस्कार
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आईसीएमआर से गाइडलाइन जारी होने के बाद केजीएमयू सहित अन्य चिकित्सा संस्थानों में संशोधित गाइडलाइन जारी कर दी गई है। राजधानी में एक मरीज की मौत के बाद उसके शव को लेकर काफी बवाल हुआ था।
अस्पताल की फीवर क्लीनिक में कई मरीज सर्दी, जुकाम, बुखार और सांस फूलने के आते हैं। इन मरीजों की मौत हो जाती है तो इन्हें भी करोना का संदिग्ध मरीज माना जाएगा और जांच कराने के बाद ही अंतिम संस्कार किया जाएगा।
शव को छूने की नहीं दी जाएगी इजाजत
ऐसी स्थिति में कोरोना संदिग्ध की रिपोर्ट आने तक उसे मच्युरी में रखा जाएगा। शव को खास पॉलीबैग में रख्ाकर चेहरे के पास पारदर्शी पॉलीथीन का उपयोग होगा। इस दौरान शव को छूने की इजाजत नहीं दी जएगी।
रिपोर्ट पॉजिटिव आने पर जिला प्रशासन व सीएमओ को सूचित करना होगा। जिला प्रशासन के निर्देशन में ही शव को अंतिम संस्कार किया जाएगा। कोरोना पॉजिटिव की शव यात्रा में चार से लेकर 20 लोगों तक के ही शामिल होने की अनुमति हो। शव को कंधा देने वालों को पीपीई किट पहननी होगी।