फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lucknow News ›   Governor Ram Naik praises Ambedkar.

राज्यपाल भी हुए 'अंबेडकर मय', बताया राष्ट्रपुरुष

Fri, 15 Apr 2016 02:14 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, लखनऊ
ब्यूरो/अमर उजाला, लखनऊ Updated Fri, 15 Apr 2016 02:14 AM IST
विज्ञापन
Governor Ram Naik praises Ambedkar.
राज्यपाल राम नाईक - फोटो : amar ujala

राज्यपाल राम नाईक ने कहा कि कुछ लोगों को लगता है कि भारत रत्न बाबा साहब डॉ. भीमराव अंबेडकर सिर्फ दलितों के ही नेता थे, लेकिन मेरा मानना है कि बाबा साहब किसी जाति के नेता नहीं थे, बल्कि वह तो राष्ट्र पुरुष थे। इसे उन्होंने अपने कार्य से साबित भी कर दिया है।

विज्ञापन


राज्यपाल ने कहा कि बाबा साहब ने संविधान के माध्यम से समाज के सभी वर्ग व समुदाय का सम्मान बढ़ाया है। इसलिए आज के दिन हम सभी को संविधान में दिखाए गए रास्ते पर चलने का संकल्प लेना चाहिए।
विज्ञापन


राज्यपाल अंबेडकर की 125वीं जयंती के अवसर पर अंबेडकर महासभा में आयोजित समारोह में आए लोगों को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि बाबा साहब संविधान के ही शिल्पकार नहीं थे, बल्कि एक गैरबराबरी वाले समाज के भी निर्माता थे।
विज्ञापन
विज्ञापन


बाबा साहेब ने दबे, कुचले लोगों को संविधान के जरिए आवाज देकर उनके स्वाभिमान को जागृत करने और शिक्षा में समान हिस्सेदारी देने का भी काम किया है। किसी का नाम लिए बगैर राज्यपाल ने कहा कि आज कुछ लोगों को लगता है कि बाबा साहब सिर्फ दलितों के नेता हैं, लेकिन मैं ऐसा नहीं मानता।

बाबा साहब ने जो संविधान बनाया है वह सबको ध्यान में रखकर बनाया है। इस संविधान से सभी जाति, वर्ग, धर्र्म के लोगों को संरक्षण मिलता है। इसलिए बाबा साहब को मैं राष्ट्र पुरुष मानना मानता हूं। इससे पहले राज्यपाल ने बाबा साहब के  अस्थि कलश पर पुष्पांजलि अर्पित की और मूर्ति पर माल्यार्पण किया।

राज्यपाल ने 5 लोगों को ‘अंबेडकर रत्न’ से नवाजा

Governor Ram Naik praises Ambedkar.

दलित उत्थान के क्षेत्र में विभिन्न माध्यमों से कार्य करने वाले लोगों को राज्यपाल ने ‘अंबेडकर रत्न’ से सम्मानित किया। राज्यपाल ने पूर्व आईएएस अधिकारी हरिश्चन्द्र, अंबेडकर महासभा के उपाध्यक्ष जगत नारायण, अंबेडकर इंडिया पत्रिका के संपादक दयानाथ निगम, रंगमंच के माध्यम से दलितों को जागरुक करने के लिए अनामिका सिंह व अर्चना आर्य को प्रशस्ति पत्र और बाबा साहब की प्रतिमा भेंट किया।

बाल्मीकि, धानुक व दुसाध टी स्टाल का उद्घाटन
छूआ छूत मिटाने का संदेश देने के लिए अंबेडकर महासभा की ओर मुख्य गेट पर ‘बाल्मीकि, धानुक व दुसाध टी स्टाल’ लगाई गई थी।

राज्य सफाई आयोग के अध्यक्ष जुगल किशोर बाल्मीकि  ने टी स्टाल का उद्घाटन किया। जहां से रीता बहुगुणा जोशी, सांसद जुगुल किशोर समेत तमाम लोगों ने चाय खरीदकर पिया। महासभा के अध्यक्ष डॉ. लालजी प्रसाद निर्मल का कहना था कि आज भी देश में दलितों के साथ लोग भेदभाव की भावना रखते हैं और दलितों के यहां के खानपान की स्वीकार्यता नहीं है।

‘मुख्यमंत्री ऊपर चले गए क्या?'

Governor Ram Naik praises Ambedkar.

राज्यपाल का भाषण समाप्त होने ही वाला था कि मुख्यमंत्री भी वहां पहुंच गए। इस पर राज्यपाल ने सीएम का स्वागत करते हुए कहा ‘चूंकि मैं इस समय भाषण दे रहा हूं, इसलिए मैं ही मुख्यमंत्री का स्वागत कर लेता हूं। वैसे भी ऐसा अवसर कम ही मिलता है।’ इस पर लोगों ने खूब ठहाका लगाया।

उधर मुख्यमंत्री बाबा साहब के अस्थिकलश पर पुष्प चढ़ाने चले गए, इधर राज्यपाल अपना भाषण रोककर उनके लौटने का इंतजार करने लगे।

सीएम पुष्प चढ़ाने के बाद मंच पर आने के बजाय बगल वाले कमरे लगे नए टीवी का लोकार्पण करने चले गए तो राज्यपाल ने टिप्पणी की ‘मुख्यमंत्री ऊपर चले गए क्या? लग रहा है प्रार्थना कर रहे हैं ।’ राज्यपाल की इस टिप्पणी पर लोगों ने ठहाके लगाए।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed