शीतकालीन सत्र में वित्तीय वर्ष का दूसरा अनुपूरक बजट ला सकती है सरकार
प्रदेश सरकार विधानमंडल के शीतकालीन सत्र में वित्त वर्ष 2019-20 का दूसरा अनुपूरक बजट ला सकती है। डिफेंस एक्सपो सहित कई नए कार्यों के लिए अनुपूरक बजट लाए जाने की संभावना है।
सूत्रों ने बताया कि विधानमंडल के पिछले सत्र के बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ कई नई परियोजनाओं का एलान कर चुके हैं।
इनके लिए बजट की व्यवस्था नहीं है। मुख्यमंत्री की घोषणाओं को प्राथमिकता से पूरा किया जाना है। ऐसे में जिन कार्यों को इसी वित्तीय वर्ष में शुरू किया जाना है, उन्हें चिह्नित कर बजट व्यवस्था की जानी है। मसलन, बिजली विभाग को कैशगैप पूरा करने के लिए 3000 करोड़ रुपये की जरूरत है।
एनर्जी टास्क फोर्स सरकार से इसकी व्यवस्था की संस्तुति कर चुकी है। इसके अलावा मुख्यमंत्री ने गोरखपुर के एक कार्यक्रम में प्रदेश के चार लाख पटरी दुकानदारों के लिए पेंशन योजना का एलान किया था। यह तय किया जाना बाकी है कि योजना इसी वित्तीय वर्ष से शुरू की जाएगी या अगले वित्तीय वर्ष से।
प्रदेश की ओर से भी है बड़े खर्च का अनुमान
यदि चालू वित्तीय वर्ष से इसे शुरू करना है तो अनुपूरक के जरिए बजट व्यवस्था करनी होगी। गोरखपुर में सिद्धार्थनगर व सोनौली की ओर जाने वाली बसों के लिए एक बस स्टेशन स्थापित करने का एलान हुआ है। बुंदेलखंड में एक स्पोर्ट्स कॉलेज व असंगठित क्षेत्र के श्रमिकों के बच्चों की पढ़ाई के लिए दो आवासीय विद्यालय की स्थापना का प्रस्ताव है।
अयोध्या में राम मंदिर के संबंध में सुप्रीम कोर्ट का फैसला आ चुका है। मंदिर निर्माण के लिए ट्रस्ट गठन की कार्रवाई के साथ आगे की गतिविधियां तेज होंगी। इसके अलावा वहां भगवान राम की सबसे ऊंची मूर्ति की स्थापना से जुड़े प्रोजेक्ट के लिए अतिरिक्त बजट की आवश्यकता बताई जा रही है।
अलीगढ़ में एक नया विश्वविद्यालय स्थापित करने का एलान हुआ है। फरवरी में लखनऊ में केंद्र सरकार की ओर से डिफेंस एक्सपो का आयोजन तय है। इसमें प्रदेश की ओर से भी बड़े खर्च का अनुमान है। औद्योगिक विकास विभाग को आवश्यक खर्च का आकलन कर अनुपूरक बजट के लिए प्रस्ताव तैयार करने को निर्देशित कर दिया गया है।
इसी तरह कई अन्य घोषणाएं की जा चुकी हैं। शीत सत्र नवंबर में संविधान दिवस पर विशेष सत्र के बाद दिसंबर में आहूत किए जाने की संभावना है।