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विदेश से आने वाली इंटरनेट कॉल को अवैध तरीके से वायस कॉल में बदलता था यह गिरोह
Fri, 05 Apr 2019 12:39 AM IST
Amulya Rastogi
न्यूज डेस्क, अमर उजाला लखनऊ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला लखनऊ
Published by: Amulya Rastogi
Updated Fri, 05 Apr 2019 12:39 AM IST
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यूपी एटीएस ने गुरुवार को राजधानी के विभूतिखंड में अवैध रूप से इंटरनेट कॉल कराने वाले गिरोह का भंडाफोड़ कर दो लोगों को गिरफ्तार किया है। दबोचे गए अभियुक्त अनिल कुमार यादव मूलरूप से सिंगरामऊ जौनपुर और अंशू यादव खैराबाद, सीतापुर के रहने वाले हैं। दोनों विभूति खंड में तीन मकानों को किराए पर लेकर यह गोरखधंधा चला रहे थे। इसी गिरोह ने अयोध्या में एक व्यक्ति को कॉल बम विस्फोट की झूठी जानकारी थी।
एटीएस के एडीजी असीम अरुण ने बताया कि गिरोह ने दो अप्रैल को अयोध्या में एक व्यक्ति को फोन कर असलहा ले जाने व बम विस्फोट की जानकारी दी थी। इस मामले में अयोध्या में दर्ज हुए केस की जांच एटीएस ने शुरू की तो पता चला कि यह नंबर विभूति खंड के अंशू यादव की एयरटेल की पीआरआई लाइन का है।
एटीएस ने डिपार्टमेंट ऑफ टेलीकॉम फील्ड यूनिट यूपी ईस्ट एलएसए (लाइसेंस सर्विस एरिया) के साथ गुरुवार को अंशू के दर्ज पते पर छापा मारा। टीम को यहां से कई पीआरआई लाइन व सर्वर मिले। यहां से इंटरनेट गेटवे को बाईपास कर विदेश से आने वाली अवैध इंटरनेट कॉल को डायवर्ट किया जाता था।
एटीएस के एडीजी असीम अरुण ने बताया कि गिरोह ने दो अप्रैल को अयोध्या में एक व्यक्ति को फोन कर असलहा ले जाने व बम विस्फोट की जानकारी दी थी। इस मामले में अयोध्या में दर्ज हुए केस की जांच एटीएस ने शुरू की तो पता चला कि यह नंबर विभूति खंड के अंशू यादव की एयरटेल की पीआरआई लाइन का है।
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एटीएस ने डिपार्टमेंट ऑफ टेलीकॉम फील्ड यूनिट यूपी ईस्ट एलएसए (लाइसेंस सर्विस एरिया) के साथ गुरुवार को अंशू के दर्ज पते पर छापा मारा। टीम को यहां से कई पीआरआई लाइन व सर्वर मिले। यहां से इंटरनेट गेटवे को बाईपास कर विदेश से आने वाली अवैध इंटरनेट कॉल को डायवर्ट किया जाता था।
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राष्ट्र की सुरक्षा के लिए है बड़ा खतरा
असीम अरुण ने बताया कि यह लोग विदेश से आने वाली इंटरनेट कॉल को वायस कॉल में बदलकर देश के विभिन्न नंबरों पर बात करा रहे थे। इसमें मोबाइल की स्क्रीन पर विदेश के बजाय भारत का ही नंबर दिखता है। यह काल गेटवे के माध्यम से नहीं आती है और इस कॉल की मॉनिटरिंग भी नहीं की जा सकती। ऐसे में यह राष्ट्र की सुरक्षा के लिए बड़ा खतरा हैं।
कई बिंदुओं पर पूछताछ बाकी
एडीजी एटीएस ने बताया कि गिरफ्तार अभियुक्तों को रिमांड पर लेकर पूछताछ जाएगा कि यह लोग कब से यह गोरखधंधा कर रहे हैं, कौन-कौन से साथी हैं और कितने लोग इस तरह के एक्सचेंज चला रहे हैं।
कई बिंदुओं पर पूछताछ बाकी
एडीजी एटीएस ने बताया कि गिरफ्तार अभियुक्तों को रिमांड पर लेकर पूछताछ जाएगा कि यह लोग कब से यह गोरखधंधा कर रहे हैं, कौन-कौन से साथी हैं और कितने लोग इस तरह के एक्सचेंज चला रहे हैं।