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घूसखोरी की लाइन पर ‘जुगाड़’ का करंट

Mon, 13 Jan 2014 10:14 AM IST
नरेश शर्मा/अमर उजाला, लखनऊ
नरेश शर्मा/अमर उजाला, लखनऊ Updated Mon, 13 Jan 2014 10:14 AM IST
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fraud in lesa

लेसा के डालीगंज खंड के नव निर्माणाधीन 33/11 केवी फैजुल्लागंज उपकेंद्र इलाके में घूसखोरी की लाइन पर जुगाड़ का करंट दौड़ रहा है।

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सरकार के नए उपकेंद्र पर करोड़ों रुपये खर्च हो चुके हैं, लेकिन फैजुल्लागंज के केशवनगर, दाउदनगर, कुकौली, गौरभीट, गाजीपुर, नासिर फॉर्म, गायत्रीनगर, सहित दो दर्जन मोहल्लों में बांस-बल्ली पर आधा-आधा किमी तक बिजली के तार झूलते हैं।

इलाके के कुल 20,000 कनेक्शन में से सिर्फ 5000 वैध होंगे। जबकि 15,000 ठिकानों पर धड़ल्ले से बिजली चोरी हो रही है।

परमानेंट कनेक्शन लेकर 12 मकान की कॉलोनी बना डाली
लोगों ने बताया कि केशवनगर में एक बिल्डर ने इंजीनियर के संरक्षण में दो किलोवाट का परमानेंट कनेक्शन लेकर 12 मकान की कॉलोनी बना डाली।

एक्सईएन की जांच में इसका खुलासा हुआ तो कनेक्शन काटे गए। गाजीपुर मोड़ पर बिल्डर ने बिजली का इंफ्रास्ट्रक्चर विकसित किए बिन 10-12 मकान की कॉलोनी बनाकर बेच डाली।
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इस बिल्डर ने इलाके के इंजीनियर से साठगांठ करके इंफ्रास्ट्रक्चर का एस्टीमेट जमा कराने के बजाय सिंगल- सिंगल कनेक्शन जारी कर दिए। ऐसे कनेक्शन के कटे तारों से बारिश के दौरान सड़क पर करंट उतर आता है।
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जितनी दूरी पर कनेक्शन, उतनी मोटी घूस
फैजुल्लागंज क्षेत्र में जितनी दूरी पर कनेक्शन, उतनी मोटी घूस लेकर कारनामा किया गया। श्याम विहार, गौरभीट, गाजीपुर में बांस-बल्ली पर कनेक्शन लेने वालों ने बताया कि पूर्व जूनियर इंजीनियर ने 40 मीटर से अधिक दूरी पर कनेक्शन देने से मना कर दिया।

उपकेंद्र के कर्मचारी 6000 से 8000 रुपये घूस लेकर उन्हीं से एक और दो किलोवाट के कनेक्शन की रसीद कटवा देते थे। कर्मियों ने 500-500 मीटर तक बांस-बल्ली पर कनेक्शन देने के लिये 10-10 हजार रुपये तक वसूले।

निर्माणाधीन मकान पर परमानेंट कनेक्शन
घर-घर मीटर रीडिंग एवं बकाया बिल की जांच करने वाली एजेंसी के कर्मियों ने बताया कि 200 से अधिक निर्माणाधीन मकान में टेम्परेरी कनेक्शन देने के बजाय परमानेंट कनेक्शन दे दिया गया।

इससे पावर कॉरपोरेशन को राजस्व की चोट पहुंच रही है। टेम्परेरी कनेक्शन की बिजली महंगी होती है। दो-दो किलोवाट के निर्माणाधीन मकान में मशीन से मुजैक फर्श की कटाई और इलेक्ट्रिक कटर से टायल्स लगाने का कार्य चल रहा है। इसकी रिपोर्ट उच्च अधिकारियों को दी चुकी है।
 
पुराने जूनियर इंजीनियर दे रहे कनेक्शन  
फैजुल्लागंज उपकेंद्र तैनात जूनियर इंजीनियर अनिल वर्मा ने बताया कि उनके कार्यकाल में अब तक किसी को बांस-बल्ली पर बिजली कनेक्शन नहीं दिया गया है।

जिनको कनेक्शन नहीं दिए, उन्होंने पुराने जूनियर इंजीनियर से कनेक्शन की रसीद कटवा ली। इलाके में अनगिनत निर्माणाधीन मकानों को परमानेंट कनेक्शन दे दिए। एजेंसी की जांच में खुलासा हुआ तो कनेक्शन काटे गए। ऐसे लोग अब मुझे हटवाने में जुटे हैं।


लेसा का स्टोर पोल और तार से खाली
राज्यमंत्री के निर्वाचन क्षेत्र फैजुल्लागंज में जो ठेकेदार विद्युतीकरण का कार्य कर रहा है, उसको स्टोर से पोल एवं तार नहीं दिए जा रहे हैं।

कर्मियों ने बताया कि लेसा का स्टोर पोल एवं तार से खाली है। उपकेंद्र कर्मियों ने बताया कि 35 पोल मिले तो 11 केवी लाइन का कार्य पूरा हो सके। सीमेंट पोल एवं तार मिले तो एलटी लाइन को बनाकर बांस-बल्ली फैले मकड़जाल को हटाया जा सके।

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