फूलों के शहर में हो घर अपना...एनबीआरआई में लगी गुलदाऊदी और कोलियस पुष्प प्रदर्शनी
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फूलों की खूबसूरती और खुशबू न सिर्फ दिलो-दिमाग को सुकून देती है बल्कि जीवन में हमेशा मुस्कुराते रहने का संदेश भी देती है। कुछ ऐसा ही संदेश देते हुए राष्ट्रीय वनस्पति अनुसंधान संस्थान (सीएसआईआर) की ओर से शनिवार को वनस्पति उद्यान स्थित सेंट्रल लॉन में दो दिवसीय गुलदाऊदी और कोलियस प्रदर्शनी लगाई गई थी। रविवार शाम इसका समापन हो गया।
दो दिवसीय इस प्रदर्शनी के दौरान ऐसा लगा जैसे फूलों का छोटा सा शहर बसाया गया हो। उद्घाटन पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय की वरिष्ठ आर्थिक सलाहकार आनंदी सुब्रमण्यम ने किया। प्रदर्शनी में इस बार कुल 132 प्रदर्शकों के 1215 प्रविष्टियों को प्रदर्शित किया गया।
डॉरिज क्वीन यलो बना ‘किंग’ तो कोरिअन टाइप ‘क्वीन ऑफ द शो’
बड़े फूल वाली गुलदाऊदी के एक पौधे में एक फूल वाली श्रेणी में वृंदावन की मंजू शंकर के ‘डॉरिज क्वीन यलो’ ने किंग ऑफ द शो का खिताब हासिल कर रणजीत सिंह मेमोरियल ट्रॉफी जीती। वहीं छोटे फूल वाली गुलदाऊदी की श्रेणी में ला-मार्टीनियर कॉलेज की ‘कोरिअन टाइप’ को क्वीन ऑफ द शो का खिताब पाकर मिला जिसने श्रीमती रणजीत सिंह मेमोरियल ट्रॉफी जीती।
स्पाइडर गुलदाऊदी की श्रेणी में विरामखंड की स्वाति गुप्ता का‘रॉयल प्रिंस स्पाइडर’ प्रिंस ऑफ द शो रहा उसे काजी सैयद मसूद हसन रनिंग चैलेंज ट्रॉफी से नवाजा गया। मंजू शंकर के ‘सोनार बांग्ला’ ने फ्लावर ऑफ द इयर टाइटिल हासिल कर रामकिशोर शर्मा मेमारियल ट्रॉफी अपने नाम की तो हेड क्वाटर मध्य कमान को बेस्ट स्पेसिमेन कोलियस चुनकर श्रीमती कुमुद रस्तोगी मेमोरियल रनिंग चैलेंज ट्रॉफी से सम्मानित किया गया।
फूलों की सैकड़ों वैराइटीज, खूब हुई फोटोग्राफी