सहायक अध्यापकों की फर्जी नियुक्तियों की होगी जांच, जारी किए गए आदेश
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बेसिक शिक्षा परिषद के विद्यालयों में वर्ष 2010 के बाद हुई सहायक अध्यापकों की फर्जी नियुक्तियों की जांच होगी। विभाग के अपर मुख्य सचिव प्रभात कुमार ने आगरा, अलीगढ़, फिरोजाबाद, हाथरस, मुरादाबाद, फतेहपुर व हरदोई में सहायक अध्यापक भर्ती की जांच के निर्देश दिए हैं।
प्रभात कुमार ने बताया कि इन जिलों के परिषदीय प्राथमिक विद्यालयों में सहायक अध्यापकों के पदों पर बड़ी संख्या में अनियमित एवं नियमविरुद्ध तरीके से फर्जी नियुक्तियां की गई हैं। सातों जिलों के डीएम को जांच के निर्देश दिए गए हैं।
जांच के लिए अपर जिला मजिस्ट्रेट, अपर पुलिस अधीक्षक और सहायक मंडलीय शिक्षा निदेशक (बेसिक) की कमेटी गठित की जाएगी। जिलाधिकारी के निर्देशन में होने वाली जांच की समीक्षा अपर मुख्य सचिव खुद करेंगे। जांच रिपोर्ट आने के बाद आरोपी बेसिक शिक्षा अधिकारियों, खंड शिक्षा अधिकारियों और कर्मचारियों पर मुकदमा दर्ज कराने के साथ विभागीय कार्रवाई भी की जाएगी।
जांच प्रक्रिया से बीएसए को अलग रखा
अपर मुख्य सचिव ने फर्जी नियुक्तियों की जांच प्रक्रिया से बेसिक शिक्षा अधिकारियों को अलग रखा है। छह वर्ष की अवधि के दौरान इन जिलों में कार्यरत रहे बीएसए अब भी अन्य जिलों में बीएसए सहित महत्वपूर्ण पदों पर कार्यरत हैं। यदि बीएसए को जांच कमेटी में शामिल रखा जाता तो जांच प्रभावित हो सकती थी।
मथुरा से खुला था मामला
परिषदीय विद्यालयों में फर्जी सहायक अध्यापक नियुक्ति का मामला मथुरा से खुला था। निदेशक सर्वेंद्र विक्रम सिंह ने मथुरा की जांच रिपोर्ट में अन्य जिलों में भी फर्जी सहायक अध्यापकों की नियुक्ति की आशंका जताई थी।