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सरकारी स्कूलों में भी अब अंग्रेजी माध्यम की पढ़ाई, अगले सत्र से 48 स्कूलों को मिल सकती है सुविधा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
Updated Mon, 19 Feb 2018 01:18 PM IST
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शिक्षक
- फोटो : amar ujala
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बेसिक शिक्षा के परिषदीय स्कूलों की भांति राजकीय माध्यमिक विद्यालयों में भी आगामी सत्र से अंग्रेजी माध्यम से पढ़ाई कराई जाएगी। इसके लिए निदेशालय ने जिला विद्यालय निरीक्षक से कई बिंदुओं पर सुझाव मांगा है।
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अभी यह स्पष्ट नहीं है कि सभी राजकीय विद्यालयों में एक साथ इसकी शुरुआत होगी या नहीं। यूपी बोर्ड अंग्रेजी माध्यम के विद्यालयों को मान्यता तो देता है और परीक्षा भी कराता है, लेकिन जिले के किसी भी राजकीय माध्यमिक विद्यालय में अंग्रेजी माध्यम से अब तक पढ़ाई नहीं होती।
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नए शैक्षिक सत्र से बोर्ड एनसीईआरटी सिलेबस की किताबें लागू करने जा रहा है। इसके साथ ही अंग्रेजी माध्यम से पढ़ाई भी शुरू हो जाएगी। वर्तमान शैक्षिक सत्र में ही अंग्रेजी माध्यम से पढ़ाई कराने की योजना थी, लेकिन तमाम कारणों से ऐसा हो न सका।
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जिले में 48 राजकीय माध्यमिक हाईस्कूल व इंटर के स्कूल हैं। विभागीय सूत्रों की मानें तो सभी स्कूलों में आगामी सत्र से ही अंग्रेजी माध्यम से पढ़ाई शुरू हो सकती है। विभाग अभी विद्यालयों में पढ़ाई शुरू करने के लिए संसाधनों का जायजा ले रहा है।
व्हाट्सएप ग्रुप के माध्यम से मांगे सुझाव
निदेशालय ने जिला विद्यालय निरीक्षक से व्हाट्सएप ग्रुप के माध्यम से सुझाव मांगे हैं। डीआईओएस से पूछा गया है कि क्या जिले के सभी राजकीय विद्यालयों में अंग्रेजी माध्यम का अनुभाग शुरू किया जा सकता है।
यदि नहीं तो इसका क्या कारण हो सकता है। उन्होंने यह भी पूछा है कि कितने राजकीय विद्यालयों में इसकी शुरुआत हो सकती है। इसके लिए शासन व विभाग स्तर पर किस तरह की व्यवस्थाओं की आवश्यकता होगी। डीआईओएस डॉ. मुकेश कुमार सिंह ने बताया कि सभी विद्यालयों के संसाधनों, वहां की व्यवस्थाओं की रिपोर्ट बनाई जा रही है। जल्द ही निदेशालय को पूरी रिपोर्ट भेज दी जाएगी।
यदि नहीं तो इसका क्या कारण हो सकता है। उन्होंने यह भी पूछा है कि कितने राजकीय विद्यालयों में इसकी शुरुआत हो सकती है। इसके लिए शासन व विभाग स्तर पर किस तरह की व्यवस्थाओं की आवश्यकता होगी। डीआईओएस डॉ. मुकेश कुमार सिंह ने बताया कि सभी विद्यालयों के संसाधनों, वहां की व्यवस्थाओं की रिपोर्ट बनाई जा रही है। जल्द ही निदेशालय को पूरी रिपोर्ट भेज दी जाएगी।