डॉक्टरों ने पेट में घुसी पांच फीट की सरिया सर्जरी से निकाली
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केजीएमयू के डॉक्टर फिर एक मरीज के लिए देवदूत साबित हुए। उन्होंने तीन घंटे की सर्जरी के बाद मरीज के पेट में घुसी पांच फुट की सरिया निकाल कर मरीज को नया जीवन दे दिया। पेट के दाहिनी तरफ से घुसी सरिया बाईं जांघ को आरपार कर बाहर निकल गई थी।
इंदिरानगर के रामधनी 50 शनिवार सुबह करीब नौ बजे छत पर किसी काम से जा रहे थे। इसी दौरान उनका पैर फिसला और सीढ़ी पर जाम एक सरिया उनके दाहिने तरफ से पेट में घुसी और जांघ के आरपार निकल गई।
आनन-फानन में परिवारीजन उन्हें लेकर ट्रॉमा सेंटर पहुंचे। जहां सर्जरी टीम के डॉ. सुरेश कुमार ने बताया कि तीन सूत की मोटी सरिया करीब पांच फीट की थी। जिसका दाहिना सिरा पेट में और बायां जांघ के आरपार था।
मरीज की हालत देख तुरंत सर्जरी प्लान की गई। डॉ. सुरेश ने बताया कि सबसे पहले जांच में देखा गया कि छोटी आंत डैमेज हो गई है। इसे देखते हुए सबसे पहले छोटी आंत को कम से कम नुकसान हो इसे प्राथमिकता दी गई।
खुद कभी न निकाले सरिया
इसके बाद क्षत्रिग्रस्त कोशिकाओं को सुरक्षित करते हुए ऑपरेशन किया गया और तीन घंटे की सर्जरी के बाद सरिया को निकाल दिया गया। इसके बाद छोटी आंत को हुए नुकसान को ठीक किया गया ताकि मरीज को संक्रमण से बचाया जा सके।
वहीं डॉ. अरशद अहमद का कहना है कि अब मरीज की हालत पूरी तरह से ठीक है और वो तेजी से रिकवर कर रहा है। सर्जरी टीम में डॉ. संजीव कुमार और पैरामेडिकल स्टाफ की टीम शामिल थी।
टीम के विशेषज्ञ और सर्जन डॉ. विनोद जैन ने बताया कि अगर ऐसा कोई भी हादसा होता है तो सरिया खुद से नहीं निकालना चाहिए। पेट या शरीर के किसी भी हिस्से में सरिया या नुकली चीज घुसने पर सीधे जल्द से जल्द अस्पताल पहुंचे। खुद से सरिया या अन्य नुकीले उपकरण निकालने पर चोट और गंभीर हो सकती है।