फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lucknow News ›   doctor sanjay tandon answered the questions of patients

खाना खाने के तत्काल बाद भारी काम न करें हृदय रोगी, फिजीशियन ने दी ये सलाह

Wed, 17 Jun 2020 05:02 PM IST
ishwar ashish न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ Published by: ishwar ashish Updated Wed, 17 Jun 2020 05:02 PM IST
विज्ञापन
doctor sanjay tandon answered the questions of patients
हृदय रोगियों को खाना खाने के तत्काल बाद सीढ़ी चढ़ने, वजनदार चीज उठाने और दौड़ने से बचना चाहिए। खाना खाने के बाद शरीर मैं मौजूद खून और अन्य एंजाइम उसे पचाने में लग जाते हैं। ऐसी स्थिति में हृदय को थोड़े आराम की जरूरत होती है। इसलिए तत्काल भारी काम करने से परहेज करना चाहिए।
विज्ञापन


यह कहना है आईएमए के वरिष्ठ सदस्य और फिजीशियन एवं हृदय रोग विशेषज्ञ डॉ. संजय टंडन का। एसोसिएशन ऑफ  फिजीशियंस ऑफ  इंडिया के यूपी चैप्टर के सेक्रेटरी डॉक्टर टंडन ने बताया कि हृदय रोगियों को अपनी मर्जी से दवा बंद नहीं करना चाहिए। पेश हैं प्रमुख सवाल जो ज्यादातर लोगों ने पूछे।
विज्ञापन


सवाल- मेरी कुछ समय पहले एंजियोप्लास्टी हुई है। तीन माह से डॉक्टर को नहीं दिखा पाया हूं। दवाई बंद करूं या नहीं? -राजकुमार वर्मा, साउथ सिटी, प्रमोद सिंह गोमती नगर
विज्ञापन
विज्ञापन

जवाब-  हृदय रोगियों को दवा बंद नहीं करनी चाहिए। हर तीन से चार माह पर एक बार डॉक्टर को दिखाना चाहिए। यदि सांस नहीं फूल रही है, चलने में किसी तरह की दिक्कत नहीं है तो दवा खाते रहें। अपने चिकित्सक के संपर्क में रहें और जब भी मौका मिले उनसे परामर्श लें। डॉक्टर को स्थिति बताना इसलिए जरूरी है कि वह उसी हिसाब से दवा की डोज को कम या अधिक करते हैं। 


सवाल- मेरा बीपी अचानक बढ़ जाता है। इससे बचने के लिए क्या करें? -योगेश सिंह हजरतगंज,  महिपाल कैंट
जवाब- ब्लड प्रेशर को नियंत्रित रखना जरूरी होता है। यदि लगातार ब्लड प्रेशर 120 से अधिक रह रहा है तो चिकित्सक से परामर्श लेना चाहिए। ब्लड प्रेशर नियंत्रित करने के लिए कुछ दवाएं दी जाती हैं। व्यक्ति को अपने खानपान में बदलाव करना होता है।  तेल, मसाला, नमक का सेवन कम करना होता है। सुबह-शाम एक्सरसाइज करें। योग से भी ब्लड प्रेशर नियंत्रित होता है। तत्काल चिकित्सक को दिखाएं और उनके द्वारा बताई गई जीवनशैली को अपनाएं।

खड़े होने पर चक्कर आता है

doctor sanjay tandon answered the questions of patients
डॉ संजय टंडन - फोटो : amar ujala
वाल- मेरा शुगर बढ़ा है और हार्ट संबंधी दवाएं भी चल रही हैं। करीब 2 माह से डॉक्टर के पास नहीं जा पाया हूं। क्या करूं? - एके बोस इंदिरानगर, विजय शंकर गोमती नगर
जवाब- डायबिटीज को नियंत्रित रखना बेहद जरूरी है। दवा नियमित लेते रहें। एक्सरसाइज जरूर करें। सुबह बाहर टहलने नहीं जा पा रहे हैं तो लॉन मैं अथवा छत पर ही टहलें। खानपान को नियंत्रित रखने की जरूरत है। वसा युक्त चीजें कतई न खाएं। यदि शुगर की दवा ले रहे हैं तो उसे खाने के बाद 20 मिनट से 30 मिनट के अंदर खाना खा लें।

सवाल- मुझे लंबे समय से बीपी और शुगर है। क्या सावधानी बरतें और कौन सी जांचें कराएं? - पिंकी सिंह मड़ियावा, आरएन गुलाटी विभूति खंड
जवाब-  बीपी और शुगर दोनों है तो कम से कम से कम दो माह में लिपिड प्रोफाइल और शुगर की जांच कराते रहें। पहले से चल रही दवाएं नियमित तौर पर लेते रहें। वजन को नियंत्रित करना बेहद जरूरी है। यदि वजन नियंत्रित रहेगा तो शुगर और ब्लड प्रेशर दोनों नियंत्रित हो जाएगा। वजन बढ़ने पर यह समस्या तेज हो जाती है। 

 

सवाल- मुझे खड़े होने पर चक्कर आता है। हाथ पांव हिलने लगता है। क्या करें? - मधुसूदन गुप्ता मोहान,  बृजेश सिंह गोमती नगर
जवाब- वृद्धावस्था में यह समस्या होती है। इसमें नसों के जरिए हार्ट को खून कम मिल पाता है। ब्लड प्रेशर डाउन रहता है। इससे बचने के लिए यदि देर तक एक ही पोजीशन में बैठे हैं तो उठने से पहले अंगुली को चला लें। उठते वक्त किसी चीज का सहारा लेकर उठें। अपने आसपास के चिकित्सक को दिखा लें। वे कुछ दवाएं देंगे और एक्सरसाइज भी बताएंगे। 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed