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डिजिटल साक्षरता राष्ट्रीय सुरक्षा का नया कवच : राजेश्वर सिंह
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सरोजनीनगर विधायक राजेश्वर सिंह।
लखनऊ। सरोजनीनगर विधायक राजेश्वर सिंह ने डिजिटल साक्षरता को राष्ट्रीय सुरक्षा का नया कवच बताया। उन्होंने साइबर सुरक्षा को जन आंदोलन बनाने का आह्वान किया। कहा कि डिजिटल शिक्षा, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) और साइबर जागरूकता अब भविष्य की जरूरत हैं।
राजेश्वर सिंह ने बढ़ते साइबर हमलों और डिजिटल धोखाधड़ी पर चिंता जताते हुए कहा कि युद्ध अब केवल सीमाओं पर नहीं बल्कि डिजिटल नेटवर्क, बैंकिंग व्यवस्था और नागरिकों की आर्थिक सुरक्षा पर भी लड़े जा रहे हैं। हालिया 60 हजार करोड़ रुपये की कथित क्रिप्टो चोरी और एम्स दिल्ली समेत देश के विभिन्न संस्थानों पर हुए साइबर हमले इस चुनौती की गंभीरता दर्शाते हैं।
उन्होंने कहा कि बच्चे स्मार्टफोन चलाना सीख रहे हैं लेकिन उन्हें डिजिटल सुरक्षा की समझ देना भी जरूरी है। डिजिटल रूप से जागरूक बच्चा अपने परिवार और देश का सुरक्षा प्रहरी बन सकता है।
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स्थानीय स्तर पर सशक्तीकरण के प्रयास
सरोजनीनगर में डिजिटल सशक्तीकरण के लिए 44 विद्यालयों में डिजिटल बोर्ड लगाए गए हैं। वहीं, 18 आरबीएस डिजिटल सशक्तीकरण केंद्रों के जरिये निशुल्क सेवाएं और प्रशिक्षण दिया जा रहा है। अब तक 1,250 से अधिक युवाओं को डिजिटल कौशल का प्रशिक्षण मिला है। राजेश्वर सिंह ने कहा कि उनका लक्ष्य प्रत्येक बच्चे तक एआई, कोडिंग, साइबर सुरक्षा और वित्तीय साक्षरता पहुंचाना है। उन्होंने कहा कि डिजिटल साक्षरता केवल शिक्षा नीति नहीं, राष्ट्रीय रक्षा है।
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राजेश्वर सिंह ने बढ़ते साइबर हमलों और डिजिटल धोखाधड़ी पर चिंता जताते हुए कहा कि युद्ध अब केवल सीमाओं पर नहीं बल्कि डिजिटल नेटवर्क, बैंकिंग व्यवस्था और नागरिकों की आर्थिक सुरक्षा पर भी लड़े जा रहे हैं। हालिया 60 हजार करोड़ रुपये की कथित क्रिप्टो चोरी और एम्स दिल्ली समेत देश के विभिन्न संस्थानों पर हुए साइबर हमले इस चुनौती की गंभीरता दर्शाते हैं।
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उन्होंने कहा कि बच्चे स्मार्टफोन चलाना सीख रहे हैं लेकिन उन्हें डिजिटल सुरक्षा की समझ देना भी जरूरी है। डिजिटल रूप से जागरूक बच्चा अपने परिवार और देश का सुरक्षा प्रहरी बन सकता है।
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स्थानीय स्तर पर सशक्तीकरण के प्रयास
सरोजनीनगर में डिजिटल सशक्तीकरण के लिए 44 विद्यालयों में डिजिटल बोर्ड लगाए गए हैं। वहीं, 18 आरबीएस डिजिटल सशक्तीकरण केंद्रों के जरिये निशुल्क सेवाएं और प्रशिक्षण दिया जा रहा है। अब तक 1,250 से अधिक युवाओं को डिजिटल कौशल का प्रशिक्षण मिला है। राजेश्वर सिंह ने कहा कि उनका लक्ष्य प्रत्येक बच्चे तक एआई, कोडिंग, साइबर सुरक्षा और वित्तीय साक्षरता पहुंचाना है। उन्होंने कहा कि डिजिटल साक्षरता केवल शिक्षा नीति नहीं, राष्ट्रीय रक्षा है।