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Lucknow News: करीबी की मुखबिरी पर हुआ था कारोबारी का अपहरण, दो और गिरफ्तार
Tue, 20 Oct 2026 01:32 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, लखनऊ
संवाद न्यूज एजेंसी, लखनऊ
Updated Tue, 20 Oct 2026 01:32 AM IST
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लखनऊ। आलमबाग के मवैया चौराहे के पास रहने वाले कारोबारी सुदर्शन घोष के अपहरण में उनके करीबी की भूमिका सामने आई है। कृष्णानगर पुलिस ने सोमवार को भागे चल रहे दो आरोपियों को गिरफ्तार किया। दोनों पर 25-25 हजार रुपये का इनाम घोषित था। पुलिस ने उनके पास से 1.34 लाख रुपये बरामद किए हैं।
कृष्णानगर इंस्पेक्टर पीके सिंह के मुताबिक, गिरफ्तार आरोपियों की पहचान तेलंगाना के हैदराबाद निवासी पंकज भूषण कुमार और सुदर्शन के करीबी सरोजनीनगर के न्यू बेहसा निवासी नवनीत सिंह के रूप में हुई है। मामले में छह आरोपी पहले ही जेल भेजे जा चुके हैं। सुदर्शन ने 13 सितंबर को आरोपियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई थी।
पूछताछ में पंकज ने बताया कि उनके गिरोह में अलग-अलग राज्यों के कई लोग शामिल हैं। गिरोह ऐसे कारोबारियों को निशाना बनाता है, जिनके पास बड़ी मात्रा में नकदी और कीमती सामान होता है। नवनीत पहले एंटीक सामान का कारोबार करता था। उसने सुदर्शन के पास नकदी और सोने-चांदी के जेवर देखे थे। इसके बाद उसने सुदर्शन के अपहरण और फिरौती वसूलने की साजिश रची और घटना के दिन गिरोह को मुखबिरी की।
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इंस्पेक्टर के अनुसार, सोमवार को नवनीत और पंकज पुलिसकर्मी बनकर एक अन्य कारोबारी का अपहरण करने पहुंचे थे। हालांकि, सर्विलांस की मदद से पुलिस ने दोनों को गिरफ्तार कर लिया।
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कृष्णानगर इंस्पेक्टर पीके सिंह के मुताबिक, गिरफ्तार आरोपियों की पहचान तेलंगाना के हैदराबाद निवासी पंकज भूषण कुमार और सुदर्शन के करीबी सरोजनीनगर के न्यू बेहसा निवासी नवनीत सिंह के रूप में हुई है। मामले में छह आरोपी पहले ही जेल भेजे जा चुके हैं। सुदर्शन ने 13 सितंबर को आरोपियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई थी।
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पूछताछ में पंकज ने बताया कि उनके गिरोह में अलग-अलग राज्यों के कई लोग शामिल हैं। गिरोह ऐसे कारोबारियों को निशाना बनाता है, जिनके पास बड़ी मात्रा में नकदी और कीमती सामान होता है। नवनीत पहले एंटीक सामान का कारोबार करता था। उसने सुदर्शन के पास नकदी और सोने-चांदी के जेवर देखे थे। इसके बाद उसने सुदर्शन के अपहरण और फिरौती वसूलने की साजिश रची और घटना के दिन गिरोह को मुखबिरी की।
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इंस्पेक्टर के अनुसार, सोमवार को नवनीत और पंकज पुलिसकर्मी बनकर एक अन्य कारोबारी का अपहरण करने पहुंचे थे। हालांकि, सर्विलांस की मदद से पुलिस ने दोनों को गिरफ्तार कर लिया।