{"_id":"69bf5dd93b82c910c00fb5b2","slug":"b-ed-entrance-exam-3-5-lakh-registrations-so-far-more-than-1-000-centers-will-be-set-up-in-up-this-is-the-l-2026-03-22","type":"story","status":"publish","title_hn":"बीएड प्रवेश परीक्षा:अब तक साढ़े तीन लाख पंजीकरण, यूपी में एक हजार से ज्यादा बनेंगें केंद्र; जानिए पूरी डिटेल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बीएड प्रवेश परीक्षा:अब तक साढ़े तीन लाख पंजीकरण, यूपी में एक हजार से ज्यादा बनेंगें केंद्र; जानिए पूरी डिटेल
Sun, 22 Mar 2026 08:41 AM IST
रोहित मिश्र
अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ
अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ
Published by: रोहित मिश्र
Updated Sun, 22 Mar 2026 08:41 AM IST
सार
B.Ed Entrance Exam: यूपी बीएड प्रवेश परीक्षा में आवेदन तेजी से बढ़ रहे हैं। बुंदेलखंड विवि द्वारा इस वर्ष इस परीक्षा का आयोजन किया जा रहा है।
विज्ञापन
बीएड प्रवेश परीक्षा। डेमो पिक।
- फोटो : अमर उजाला।
विस्तार
बुंदेलखंड विवि ने बीएड संयुक्त प्रवेश परीक्षा को लेकर तैयारी शुरू कर दी है। प्रदेश के हर जिले में समन्वयक तथा विवि में कुलसचिव को नोडल समन्वयक बना दिया है। पंजीकरण 3.55 लाख से ज्यादा हो चुके हैं, इसलिए एक हजार से ज्यादा परीक्षा केंद्र बनाना तय कर लिया है।
विज्ञापन
बीएड संयुक्त प्रवेश परीक्षा के प्रदेश समन्वयक प्रो. सौरभ श्रीवास्तव ने बताया कि इस बार बीएड संयुक्त प्रवेश परीक्षा के प्रति युवाओं का रुझान काफी बढ़ा है। खासतौर पर पूर्वांचल के युवाओं में। उन्होंने बताया कि शनिवार की दोपहर तक 3.55 लाख से ज्यादा अभ्यर्थियों ने पंजीकरण कराया और 2.77 लाख फार्म सबमिट कर चुके थे। युवाओं के रुझान को देखकर ही शासन ने परीक्षा की तिथि विस्तारित कर 31 मई की है।
विज्ञापन
यही नहीं, पांच अप्रैल तक फार्म भरे जाएंगे। 10 अप्रैल तक फार्म विलंब शुल्क के साथ भरे जाएंगे। उन्होंने बताया कि परीक्षाओं को शुचिता से कराने के लिए तैयारियां शुरू कर दी है। प्रदेश के हर जिले में डिस्ट्रिक कोऑर्डिनेटर व डिस्ट्रिक नोडल ऑफिसर तैनात कर दिए हैं। राजकीय विवि के कुलसचिवों को नोडल समन्वयक बना दिया है। इसके साथ ही परीक्षा केंद्रों को बढ़ाने का फैसला लिया गया है। उन्होंने बताया कि गत वर्ष प्रदेश के 69 जिलों में 851 परीक्षा केंद्र बनाए गए थे मगर अब एक हजार से ज्यादा परीक्षा केंद्र बनाना तय है। इसकी वजह फार्म भरने वालों की संख्या में तेजी से वृद्धि होना है।
विज्ञापन