फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lucknow News ›   audio coversation of abhishek gupta with shubhrant shukla.

भाजपा के महामंत्री ही नहीं हाईकोर्ट के जज के नाम पर भी अफसरों को अर्दब में ले रहा था अभिषेक

Tue, 12 Jun 2018 01:30 AM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ Updated Tue, 12 Jun 2018 01:30 AM IST
विज्ञापन
audio coversation of abhishek gupta with shubhrant shukla.
आरोप लगाने वाला अभिषेक गुप्ता - फोटो : amar ujala

मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव पर पैसे मांगने का आरोप लगाने वाले अभिषेक गुप्ता का एक ऑडियो वायरल हो रहा है। कहा जा रहा है कि यह ऑडियो मुख्यमंत्री कार्यालय में तैनात विशेष सचिव शुभ्रांत शुक्ला और प्रमुख सचिव पर पैसे की मांग का आरोप लगाने वाले अभिषेक का है। ऑडियो में अभिषेक पहले भाजपा के संगठन मंत्री बंसल के यहां से बात करने का दावा कर रहा है और फिर हाईकोर्ट के एक जज को अपना बड़ा भाई बताते हुए जो चाहे वह करवाने की धमकी दे रहा है।

विज्ञापन


बताया जा रहा है कि इसी ऑडियो क्लिप के आधार पर पुलिस ने शुक्रवार को अभिषेक को हिरासत में लिया था और आठ घंटे पुलिस के साथ बिताने के बाद अभिषेक अपने आरोपों से मुकर गया और मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव से माफी मांग ली थी। पढ़ें पूरी बातचीत-

विज्ञापन


अभिषेक: हेलो- शुभ्रांत शुक्ला जी बोल रहे हैं?
शुभ्रांत : जी साहब बोल रहा हूं।
अभिषेक: जी भाई साहब नमस्कार- मैं अभिषेक बोल रहा था माननीय बंसल जी के यहां से
शुभ्रांत : जी बताइये
अभिषेक: एक पेट्रोल पंप का प्रस्ताव आपके यहां गया था।
शुभ्रांत : किस चीज का
अभिषेक: जमीन के विनिमय का था।
शुभ्रांत : भाई साहब मैं थोडा बाहर आया हुआ हूं, आफिस में हूं नहीं।
अभिषेक: मैं वही बता रहा था कि आपने खारिज कर के भेजवा दिया।
शुभ्रांत : हम कोई निर्णय थोडी करते हैं।
अभिषेक: एसपी गोयल जी करते हैं ?
शुभ्रांत : नहीं नहीं माननीय मुख्यमंत्री जी करते हैं। आप कहां से बोल रहे हैं।
अभिषेक: मैं अभिषेक गुप्ता बोल रहा हूं। मेरी आप से एक बार बात भी हुई थी, एसपी गोयल साहब से भी मेरी मुलाकात हुई है। उनसे मिलकर बताया था कि किस तरह का प्रकरण है, आपके यहां से अनुमोदन होना है, जमीन के विनिमय का मामला है। पेट्रोल पंप के आगे ग्राम समाज की जमीन आ गई थी।

विज्ञापन
विज्ञापन

शुभ्रांत : यह सब मुख्यमंत्री जी का निर्णय होता है, जो पत्रावली पर लिखकर गया होगा वह निर्णय लिया गया होगा।
अभिषेक: इस मामले में सिफरिश भी की गई थी।
शुभ्रांत : आप मुख्यमंत्री जी के यहां देख लीजिए।
अभिषेक: ठीक है मैं मुख्यमंत्री जी से मिल लूंगा।
शुभ्रांत : हां वही ठीक रहेगा।
अभिषेक: ठीक है कोई दिक्कत वाली बात नहीं है। आपके प्रमुख सचिव साहब सब कुछ जानते थे। आप लोगों को भी परेशानी उठानी पड़ी। मुझे भी परेशान होना पड़ा।
शुभ्रांत : यह सब आप मुझे क्यों बता रहे हैं। हम लोग तो मुख्यमंत्री के सामने फाइल प्रस्तुत करते हैं। मुख्यमंत्री जी का जो निर्णय होता है, उस पर फाइल आगे बढ़ती है।
अभिषेक: हमारे बड़े भाई हाईकोर्ट जज हैं। उन्होंने भी देखा है, उनके पूरे संज्ञान में है। लेकिन उनका फोन कभी नहीं आया कभी किसी से वार्तालाप नहीं की। जबकि वह यह भी जानते हैं कि उनका फोन अगर गया कहीं तो वह काम होना ही होना है, वह सही हो या चाहे जैसे हो। उससे मतलब नहीं। दूसरी चीज यह है कि हमको पूरा विश्वास है, फाइल हमारी बिल्कुल सही थी।
शुभ्रांत: आप मुझसे क्यों बता रहे हैं, आप सर से मिलिए जो निर्णय होगा वह हम लोगों को बताएंगे।
अभिषेक: फाइल खारिज होकर आई है और आप ही की साइन से खारिज होकर आई है, इसलिए आपको बता रहे हैं।
शुभ्रांत : अब मुख्यमंत्री जी ने जो निर्णय लिया उस पर हम लोग क्या कर सकते हैं। मुझसे आप यह सब क्यों कह रहे हैं? आप सीएम साहब से मिलिए वही जो निर्णय लेंगे वह होगा।

अभिषेक: चलिए कोई बात नहीं। मेरे लिए तो सीएम साहब बंसल जी ही हैं। उन्होंने अब तक का सारा काम किया था। स्थिति ऐसी है कि उनकी व्यस्तता रहती है, जैसे सीएम साहब की व्यस्तता रहती है वैसे ही उनकी भी व्यस्तता रहती है। उनका यही कहना था कि आप हमारा रिफ्रेंस दे कर बात कर लीजिएगा। वैसे मुझे तो सब जानते ही हैं। उनके कहने के बावजूद भी क्वेरी चली गई। हमने सबका जवाब भी दिया। जब फाइल को रिजेक्ट ही होना था तो शुरू में हो जाना चाहिए था। मेरा समय भी बरबाद हुआ।
शुभ्रांत: अब हम उसमें क्या बता सकते हैं? आप मिल लिजिए माननीय मुख्यमंत्री जी से।
अभिषेक: ठीक है मैं मुख्यमंत्री जी से भी मिल लूंगा, जब काम ऐसे स्तर पर पहुंच गया है तो मिलना ही पड़ेगा। हालांकि अनुमोदन आपके और प्रमुख सचिव एसपी गोयल के माध्यम से ही होना है।
शुभ्रांत: यह तो आपको लगता है न।
अभिषेक: चलिए मैं मिल लेता हूं।
शुभ्रांत: यही मैं आपसे बार-बार कह रहा हूं, बिना वजह आप अपना समय बरबाद कर रहे हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed