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कोर्ट का फैसला : ठेकेदार के अपहरण मामले में अमनमणि त्रिपाठी दोषमुक्त
Thu, 30 Sep 2021 09:22 PM IST
पंकज श्रीवास्तव
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
Published by: पंकज श्रीवास्तव
Updated Thu, 30 Sep 2021 09:22 PM IST
सार
ठेकेदार की हत्या के लिए अपहरण करके रंगदारी मांगने के मामले में नौतनवा के निर्दलीय विधायक अमनमणि त्रिपाठी, संदीप त्रिपाठी और रवि शुक्ला को एमपीएमएलए कोर्ट के विशेष न्यायाधीश पवन कुमार राय ने बृहस्पतिवार को साक्ष्य के अभाव में दोषमुक्त कर दिया।
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निर्दलीय विधायक अमनमणि त्रिपाठी(file)।
- फोटो : अमर उजाला।
विस्तार
ठेकेदार की हत्या के लिए अपहरण करके रंगदारी मांगने के मामले में नौतनवा के निर्दलीय विधायक अमनमणि त्रिपाठी, संदीप त्रिपाठी और रवि शुक्ला को एमपीएमएलए कोर्ट के विशेष न्यायाधीश पवन कुमार राय ने बृहस्पतिवार को साक्ष्य के अभाव में दोषमुक्त कर दिया।
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कोर्ट ने सभी को बरी करते हुए कहा कि यह अस्वाभाविक है कि कोई फॉर्च्यूनर और स्कॉर्पियो जैसी गाड़ी से आकर एक लाख रुपये की रंगदारी मांगे। वहीं किसी तरह की रंगदारी दिए जाने और देने के प्रयास के संदर्भ में कोई सुबूत पेश नहीं किया गया है। इस मामले में अभियोजन ने किसी घायल का मेडिकल रिपोर्ट कोर्ट में नहीं दिया गया। यही नहीं, घायल चालक प्रताप को कोर्ट में पेश ही नहीं किया गया। कोर्ट ने कहा कि अभियोजन की रिपोर्ट संदेहास्पद है और जितने भी गवाह पेश किए गए सभी के बयानों में गंभीर विरोधाभास है।
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पत्रावली के अनुसार गोरखपुर के ठेकेदार ऋषि कुमार पांडेय ने 6 अगस्त 2014 को गौतमपल्ली में रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि अमनमणि ने हत्या करने के उद्देश्य से संदीप त्रिपाठी और रवि शुक्ला के साथ मिलकर उसका अपहरण किया। फिर रंगदारी मांगी और जानमाल की धमकी दी थी। पुलिस ने विवेचना के बाद अमनमणि, संदीप और रवि के खिलाफ गाली-गलौज, जानमाल की धमकी, फिरौती के लिए अपहरण और मृत्यु का भय दिखाकर वसूली के आरोपों में चार्ज दायर की थी। इसके बाद कोर्ट ने तीनों के खिलाफ 28 जुलाई 2017 को आरोप तय कर दिए थे और गवाही शुरू की गई थी।
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