अगले बजट के लिए सुझाव दें वैज्ञानिक व बुद्घजीवी: अखिलेश
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मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने कहा कि प्रदेश सरकार ने जनता से किए गए सभी वादों को जमीन पर उतारने का काम किया है। विकास में जनसहभागिता के लिए राज्य सरकार की प्रतिबद्धता जताते हुए उन्होंने वैज्ञानिकों व बुद्धिजीवियों कहा कि अगला बजट तैयार करने से पहले वे सभी की राय मांग रहे हैं। वे भी सुझाव दें ताकि उसके अनुरूप बजट में राशि की व्यवस्था की जा सके।
मुख्यमंत्री बृहस्पतिवार को बाबा साहेब भीमराव अंबेडकर विश्वविद्यालय के सभागार में ऑल इंडिया कांग्रेस ऑफ जूलॉजी (एआईसीजेड) व ‘इनोवेशन इन एनिमल साइंसेज फॉर फूड सिक्योरिटी, हेल्थ सिक्योरिटी एंड लिवलीहुड-2015’ विषय पर तीन दिवसीय सिंपोजियम के उद्घाटन समारोह में बोल रहे थे।
मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने इशारों ही इशारों में बसपा और भाजपा पर निशाना साधते हुए कहा कि महापुरुषों को बांटना बहुत बहुत बुरा है, लेकिन समाज को बांटना सबसे बुरा है। इनका बंटवारा करने वाले गलत रास्ते पर हैं। उन्होंने अनावश्यक बहस से बचने पर जोर देते हुए कहा कि गलत को गलत कहने के लिए लोगों को आगे आना पड़ेगा।
विकास के इन मुद्दो पर साथ देने का किया वादा
अखिलेश यादव ने विश्वविद्यालय द्वारा स्थापित किए जा रहे वनस्पति उद्यान एवं गोमती नदी गैलरी के विकास में हर संभव मदद देने का आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि रमाबाई अंबेडकर पार्क को विश्वविद्यालय से जोड़ा जाएगा। ताकि यहां के छात्र-छात्राओं को खेल के लिए मैदान मिल सके। इस संबंध में कुलपति प्रो आरसी सोबती ने उनसे मांग की थी।
उन्होंने ने कहा कि आज पूरा विश्व एक गांव के रूप में परिवर्तित हो गया है। सभी क्षेत्रों में प्रतिस्पर्धा लगातार बढ़ रही है। दुनिया से स्पर्धा करने में देश के शिक्षण संस्थान महत्वपूर्ण भूमिका अदा कर सकते हैं। आधुनिक खोज एवं तकनीक का विकास इन्हीं के माध्यम से किया जा सकता है। इसलिए रिसर्च वर्क में बदलाव के लिए इन शिक्षण संस्थाओं को हर हालत में मजबूत बनाया जाना चाहिए।
उन्होंने कहा कि लखनऊ को चिकित्सा का हब बनाने का प्रयास किया जा रहा है। राजधानी के सौ किमी के दायरे में जितने संस्थान हैं, उतने किसी दूसरे राज्य में नहीं हैं। इसके बीच बेहतर समन्वय की जरूरत है। इस मौके पर काशी हिंदू विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. जीसी त्रिपाठी, एआईसीजेड के अध्यक्ष प्रो. बीएन पांडेय, सिंपोजियम की संयोजक सुमन मिश्रा मौजूद थे।
तहजीब के शहर का भ्रमण कराएं
मुख्यमंत्री ने देश एवं दुनिया के विभिन्न क्षेत्रों से आए डेलीगेट्स का स्वागत करते हुए कहा कि उन्हें लखनऊ की तहजीब और नवाबी परंपरा की जानकारी के लिए नगर का भ्रमण करना चाहिए।
इनमें से जो लोग पहले यहां आए हैं उन्हें निश्चित आभास होगा कि लखनऊ एवं प्रदेश बदल रहा है। उन्होंने कहा कि सबसे बड़ा राज्य होने कारण हमारी चुनौतियां भी बड़ी हैं, लेकिन राज्य सरकार प्रदेश के विकास के लिए काफी काम कर रही है।
रुद्राक्ष का पौधा रोपा, वैज्ञानिकों को सम्मानित किया
मुख्यमंत्री ने विश्वविद्यालय के वनस्पति उद्यान में रूद्राक्ष का पौधा रोपा। उन्होंने कुलपति के आग्रह पर उद्यान का नामकरण आचार्य नरेन्द्र देव वनस्पति उद्यान करने की घोषणा की।
इसके अलावा मुख्यमंत्री ने बॉयो साइंसेज के नए ब्लॉक की आधारशिला रखी और एआईसीजेड की स्मारिका का एवं वेबसाइट का लोकार्पण भी किया। बीबीएयू के कुलपति प्रो. सोबती द्वारा संपादित दो पुस्तकों का विमोचन भी किया। उन्होंने प्रख्यात वैज्ञानिकों को सम्मानित भी किया।