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मोदी पर अखिलेश यादव का नो कमेंट
महेंद्र तिवारी/लखनऊ
Updated Sun, 15 Sep 2013 12:37 AM IST
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मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने गुजरात के मुख्यमंत्री नरेंद्र मोदी को भाजपा की ओर से प्रधानमंत्री पद का उम्मीदवार घोषित किए जाने पर किसी तरह की टिप्पणी से इंकार कर दिया।
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हालांकि, सपा के प्रदेश प्रवक्ता व कैबिनेट मंत्री राजेंद्र चौधरी ने कहा है कि भाजपा ने मोदी को पीएम के पद के उम्मीदवार बनाकर पूरे देश में सांप्रदायिकता का जहर फैलाने का निर्णय ले लिया है।
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इंदिरा प्रतिष्ठान में सीड कांग्रेस के समापन समारोह के बाद मुख्यमंत्री से भाजपा के पीएम उम्मीदवार के तौर पर मोदी के नाम की घोषणा पर प्रतिक्रिया पूछी गई थी।
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मुख्यमंत्री ने इसे भाजपा का अंदरूनी मामला बताते हुए इस पर किसी तरह की टिप्पणी से इंकार कर दिया। हालांकि, शाम को सपा प्रवक्ता चौधरी की ओर से जारी बयान में भाजपा के इस निर्णय पर कड़ी प्रतिक्रिया दी गई।
सपा प्रवक्ता ने कहा है कि भाजपा का यह फैसला देश की एकता, अखंडता और सामाजिक सद्भाव की जगह विघटन और अधिनायकशाही को बढ़ावा देने वाला और खुद उसके लिए भी आत्मघाती साबित होगा।
धार्मिक ध्रुवीकरण देश में अलगाव को बढ़ावा देने वाला कदम होगा जिससे विकास की गति प्रभावित होगी। चौधरी ने आरोप लगाया कि भाजपा ने मोदी के पक्ष में माहौल बनाने के लिए पहले अयोध्या में 84 कोसी परिक्रमा और फि र मुजफ्फ रनगर में हिंसक संघर्ष की शुरुआत की।
मोदी ने गुजरात दंगे के बाद वहां के पीड़ित लोगों के पुनर्वास और अल्पसंख्यको के धर्मस्थलों की मरम्मत का काम नहीं कराया। वह विकास के झूठे आंकड़े पेश कर जनता को गुमराह करने में लगे रहते हैं।
यूपी में उनकी दाल गलने वाली नहीं है। ऐसे में सपा की जिम्मेदारी बहुत बढ़ गई है। उन्होंने कहा कि पार्टी धर्मनिरपेक्षता के लिए प्रतिबद्ध रही है और वह किसी भी कीमत पर देश में सांप्रदायिकता को ताकतवर नहीं होने देगी।