फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lucknow News ›   Aided colleges of neighboring districts are better than us in terms of admissions.

Lucknow News: दाखिलों के मामले में पड़ोसी जिलों के अनुदानित कॉलेज हमसे बेहतर

Sun, 15 Sep 2024 07:10 AM IST
Lucknow Bureau लखनऊ ब्यूरो
Updated Sun, 15 Sep 2024 07:10 AM IST
विज्ञापन
Aided colleges of neighboring districts are better than us in terms of admissions.
लखनऊ। लखनऊ भले ही राजधानी हो पर यहां के ज्यादातर अनुदानित कॉलेज विद्यार्थियों का मन नहीं मोह पा रहे हैं। वहीं पड़ोसी जनपदों के अनुदानित कॉलेज दाखिले के मामले में यहां से काफी बेहतर हैं। इनके मुकाबले राजधानी के कई अनुदानित कॉलेजों में छात्र संख्या 500 का आंकड़ा भी नहीं छू पा रही है।
विज्ञापन


राजधानी होने के नाते लखनऊ में पड़ोसी जनपदों के मुकाबले कहीं अधिक अनुदानित कॉलेज हैं। लखनऊ में अनुदानित कॉलेजों की संख्या 21 है तो वहीं इसकी सीमा क्षेत्र वाले चार जनपदों में कुल मिलाकर अनुदानित कॉलेजों की संख्या महज 15 है। राजकीय डिग्री कॉलेज के मामले में पड़ोसी जनपदों की स्थिति इससे थोड़ी बेहतर है। राजधानी में जहां दीनदयाल उपाध्याय, नेताजी सुभाष चंद्र बोस, राजकीय महामाया और राजकीय बिजली पासी डिग्री कॉलेज के रूप में चार राजकीय महाविद्यालय हैं। वहीं दूसरी ओर हरदोई में तीन, लखीमपुर में एक, रायबरेली में तीन और सीतापुर में तीन राजकीय डिग्री कॉलेज हैं।
विज्ञापन


लविवि परिसर के बाद बीए में सबसे ज्यादा छात्र लखीमपुर के कॉलेज में

लखनऊ विश्वविद्यालय में इस समय बीए की करीब दो हजार सीटें हैं। वहीं लखीमपुर के वाईडीपीजी कॉलेज में 1200 से ज्यादा सीटें हैं। यहां सत्र 2021-22, 2022-23 और 2023-24 के दौरान हर साल सिर्फ बीए में ही 1200 से ज्यादा दाखिले हुए हैं। सत्र 2021-22 में 1259, 2022-23 में 1251 और 2023-24 में 1271 दाखिले हुए हैं। इसके अलावा सीतापुर के आरएमपीजी कॉलेज में भी तीन साल के दौरान एक बार बीए में एक हजार दाखिलों का आंकड़ा पार हुआ। यहां सत्र 2021-22 में 1003, 2022-23 में 880 और 2023-24 में 638 दाखिले हुए।
विज्ञापन
विज्ञापन


पड़ोसी जिलों के कुछ अनुदानित कॉलेजों में दाखिले की स्थिति

कॉलेज- कोर्स- सत्र 2021-22, 2022-23, 2023-24

सीएसएन कॉलेज, हरदोई - बीए- 533, 624, 464

वाईपीडी कॉलेज, लखीमपुर- बीएससी- 466, 492, 528

सीजीएन कॉलेज, लखीमपुर- बीए- 940, 929, 901

फिरोज गांधी कॉलेज, रायबरेली- बीए- 748, 723, 699

फिरोज गांधी कॉलेज, रायबरेली- बीएससी- 349, 362, 337

कोट-
राजधानी में अनुदानित कॉलेजों की संख्या ज्यादा होने के साथ ही निजी महाविद्यालयों की संख्या भी ज्यादा है। इसकी वजह से पड़ोसी जनपद के मुकाबले राजधानी के अनुदानित कॉलेजों में छात्र संख्या कम है।
प्रो. अंशू केडिया, महामंत्री, लखनऊ विश्वविद्यालय सहयुक्त कॉलेज शिक्षक संघ
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed