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...ताकि हुजूम एक साथ विवादित स्थल की ओर न करे कूच, प्रशासन सतर्क, ड्रोन कैमरों से रहेगी नजर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
Updated Sat, 24 Nov 2018 04:46 AM IST
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धर्मशभा को लेकर बनाया गया पुलिस कंट्रोल रूम
- फोटो : अमर उजाला
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विश्व हिंदू परिषद की ओर से 25 नवंबर को अयोध्या में प्रस्तावित धर्मसभा के दौड़ान उमड़ने वाला हुजूम एक साथ विवादित स्थल की ओर कूच न करे, इसके लिए प्रशासन मुस्तैद है। भीड़ को विवादित स्थल तक पहुंचने से रोकने की रणनीति बनाई गई है।
आला अधिकारी अयोध्या में होने वाली गतिविधियों पर ड्रोन कैमरों के जरिये नजर रखेंगे। वहां बड़ी तादाद में फोर्स व अधिकारियों को तैनात करने के साथ जोन के एडीजी राजीव कृष्ण को भी अयोध्या भेजा गया है। वे 25 नवंबर तक वहीं कैंप करेंगे।
अयोध्या की धर्मसभा में एक लाख से ज्यादा की भीड़ जुटने की संभावना को देखते हुए 48 कंपनी पीएसी पहले ही तैनात की जा चुकी है। रैपिड एक्शन फोर्स की भी तैनाती की गई है। किसी भी स्थिति से निपटने के लिए बम निरोधी दस्ते, कमांडो, एंटी सबोटाज टीमें व दमकलों का इंतजाम भी किया गया है।
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धर्मसभा को परोक्ष रूप से सत्तारूढ़ दल का समर्थन होने की वजह से अफसर किसी तरह की सख्ती या लोगों के आगमन पर नियंत्रण नहीं कर पा रहे हैं। आला अफसरों को यह भी अंदेशा है कि ढील देने पर कहीं कानून-व्यवस्था बिगड़ी तो हालात पर काबू पाना मुश्किल हो जाएगा।
आला अधिकारी अयोध्या में होने वाली गतिविधियों पर ड्रोन कैमरों के जरिये नजर रखेंगे। वहां बड़ी तादाद में फोर्स व अधिकारियों को तैनात करने के साथ जोन के एडीजी राजीव कृष्ण को भी अयोध्या भेजा गया है। वे 25 नवंबर तक वहीं कैंप करेंगे।
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अयोध्या की धर्मसभा में एक लाख से ज्यादा की भीड़ जुटने की संभावना को देखते हुए 48 कंपनी पीएसी पहले ही तैनात की जा चुकी है। रैपिड एक्शन फोर्स की भी तैनाती की गई है। किसी भी स्थिति से निपटने के लिए बम निरोधी दस्ते, कमांडो, एंटी सबोटाज टीमें व दमकलों का इंतजाम भी किया गया है।
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धर्मसभा को परोक्ष रूप से सत्तारूढ़ दल का समर्थन होने की वजह से अफसर किसी तरह की सख्ती या लोगों के आगमन पर नियंत्रण नहीं कर पा रहे हैं। आला अफसरों को यह भी अंदेशा है कि ढील देने पर कहीं कानून-व्यवस्था बिगड़ी तो हालात पर काबू पाना मुश्किल हो जाएगा।
लिहाजा उन्होंने अपनी तरफ से पुख्ता तैयारी की है। एडीजी तकनीकी सेवाएं आशुतोष पांडेय व डीआईजी झांसी सुभाष सिंह बघेल भी अयोध्या पहुंच गए हैं। उन्होंने शुक्रवार को राम जन्मभूमि स्थल के आसपास के सुरक्षा इंतजाम का जायजा लिया।
इस बीच गृह विभाग ने एडीजी जोन व अन्य अधिकारियों से कहा है कि वे वहां लोगों से मुलाकात कर उनमें व्याप्त डर और आशंका को दूर करने की कोशिश करें। इस काम में सीओ स्तर के अधिकारियों को भी लगाया जा रहा है।
खुफिया विभाग के अफसरों से अयोध्या पहुंच रहे कार्यकर्ताओं की संख्या पर नजर रखने को कहा गया है। खुफिया विभाग ने यह भी बताया है कि काफी संख्या में लोग आसपास के जिलों व ग्रामीण अंचलों में पहुंच चुके हैं।
इस बीच गृह विभाग ने एडीजी जोन व अन्य अधिकारियों से कहा है कि वे वहां लोगों से मुलाकात कर उनमें व्याप्त डर और आशंका को दूर करने की कोशिश करें। इस काम में सीओ स्तर के अधिकारियों को भी लगाया जा रहा है।
खुफिया विभाग के अफसरों से अयोध्या पहुंच रहे कार्यकर्ताओं की संख्या पर नजर रखने को कहा गया है। खुफिया विभाग ने यह भी बताया है कि काफी संख्या में लोग आसपास के जिलों व ग्रामीण अंचलों में पहुंच चुके हैं।
डीजीपी ओमप्रकाश सिंह ने कहा कि अफसरों को हालात पर नजर रखने के साथ ही सारे कार्यक्रम सकुशल संपन्न कराने के लिए हरसंभव प्रयास करने को कहा गया है।
अयोध्या में लोगों के हुजूम के पहुंचने पर अव्यवस्था व अन्य गड़बड़ियां होने के अंदेशे के मद्देनजर छोटे-छोटे जत्थे में राम जन्मभूमि के दर्शन की अनुमति देने की रणनीति बनाई गई है। तय किया गया है कि लोगों को एक साथ अधिक संख्या में जाने से रोका जाए। इसके लिए बैरिकेडिंग लगाई जा रही है।
अयोध्या में लोगों के हुजूम के पहुंचने पर अव्यवस्था व अन्य गड़बड़ियां होने के अंदेशे के मद्देनजर छोटे-छोटे जत्थे में राम जन्मभूमि के दर्शन की अनुमति देने की रणनीति बनाई गई है। तय किया गया है कि लोगों को एक साथ अधिक संख्या में जाने से रोका जाए। इसके लिए बैरिकेडिंग लगाई जा रही है।