{"_id":"5fdfb0a38ebc3e3e7f06645a","slug":"90-thousand-people-not-paying-electric-bill-lko-city-news-lko555903265","type":"story","status":"publish","title_hn":"साल भर से 90 हजार लोगों ने नहीं भरा बिजली बिल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
साल भर से 90 हजार लोगों ने नहीं भरा बिजली बिल
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
राजधानी के इन बकायेदारों ने वर्ष 2019 के अक्तूबर-नवंबर में अंतिम बार किया था भुगतान
फैक्ट फाइल
241 करोड़ रुपये की रकम फंसी
40,000 ट्रांसगोमती में बकायेदार
50,000 सिसगोमती में बकायेदार
केस-1
अहिमामऊ निवासी उपभोक्ता वीरेंद्र ने का कॉमर्शियल कनेक्शन है। एक साल से बिल न भरने के कारण उपभोक्ता पर 1,47,139 रुपये का बकाया है।
केस-2
अहिबरनपुर निवासी उपभोक्ता अंकिता ने भी कॉमर्शियल कनेक्शन ले रखा है। बिल न भरने के कारण उपभोक्ता पर 18,330 रुपये का बकाया है।
केस-3
डालीबाग निवासी अनिल कुमार का घरेलू कनेक्शन है। बिजली बिल न भरने के कारण उपभोक्ता पर 43,985 रुपये का बकाया है।
केस-4
सुल्तानपुर रोड निवासी उपभोक्ता सुनीता का भी घरेलू कनेक्शन है। उपभोक्ता पर 70,822 रुपये का बकाया है।
राजधानी के करीब 90 हजार बिजली उपभोक्ताओं ने वर्ष 2019 के अक्तूबर और नवंबर के बाद से बिल का भुगतान नहीं किया है। ये उदाहरण इसकी बानगी हैं। ट्रांसगोमती के इंदिरा नगर ,गोमती नगर, विकास नगर, सीतापुर रोड, डालीगंज, महानगर और चिनहट आदि इलाके में ऐसे बकायेदारों की तादात 40000 के करीब है। इसी तरह 50,000 उपभोक्ता सिस जोन के चौक, ठाकुरगंज, ऐशबाग, अमीनाबाद, हुसैनगंज, चारबाग, वजीरगंज, बालागंज, कैंपबेल रोड, अपट्रॉन और राजाजीपुरम के हैं। इन बकायेदारों ने बिले के कुल 241 करोड़ रुपये रोक रखे हैं। इनमें 70000 घरेलू और 20000 कॉमर्शियल कनेक्शन धारक हैं।
देंगे नोटिस, नहीं भरा बिल तो कटेगा कनेक्शन
लेसा सिस गोमती के मुख्य अभियंता मधुकर वर्मा ने बताया कि सभी अधिशासी अभियंताओं को निर्देश दिए गए हैं कि इन उपभोक्ताओं को बिल रिसीव करा दें, जो नोटिस के रूप में रहेगा। अंतिम तारीख पर बिल न भरा तो दूसरे दिन संबंधित उपभोक्ता का कनेक्शन काट दिया जाएगा।
सत्ता पक्ष के नेताओं का हस्तक्षेप
खंडीय इलाके के अभियंताओं का आरोप है बकायेदारों की बिजली काटने जाते है तो सत्ता पक्ष के कुछ नेता हस्तक्षेप करते हैं। इन नेताओं की सिफारिश को नजरअंदाज करते हैं तो से सीधे उच्च अफसरों से शिकायत कर देते हैं। ऐसे में बकायेदारों से बकाया बिल वसूलने में दिक्कत हो रही है। सरकार को इस पर अंकुश लगाने की जरूरत है।
विज्ञापन
उपभोक्ताओं को रिसीव हो रहे बिल
लेसा ट्रांस गोमती के मुख्य अभियंता प्रदीप कक्कड़ ने बताया कि उनके जोन के करीब 40,000 उपभोक्ताओं ने साल भर से बिल नहीं भरा है। ऐसे उपभोक्ताओं को बकाया रकम का बिल रिसीव करा रहे हैं।
बाकी रकम वसूलने की कार्रवाई शुरू
राजधानी के जो उपभोक्ता लगभग एक साल से बिजली बिल का भुगतान नहीं कर रहे हैं, उनके खिलाफ मुहिम शुरू की गई है। इनसे बकाया रकम वसूलने की कार्रवाई की जा रही है।
- सूर्यपाल गंगवार, प्रबंध निदेशक मध्यांचल विद्युत वितरण निगम लखनऊ।
विज्ञापन
फैक्ट फाइल
241 करोड़ रुपये की रकम फंसी
40,000 ट्रांसगोमती में बकायेदार
50,000 सिसगोमती में बकायेदार
केस-1
अहिमामऊ निवासी उपभोक्ता वीरेंद्र ने का कॉमर्शियल कनेक्शन है। एक साल से बिल न भरने के कारण उपभोक्ता पर 1,47,139 रुपये का बकाया है।
केस-2
अहिबरनपुर निवासी उपभोक्ता अंकिता ने भी कॉमर्शियल कनेक्शन ले रखा है। बिल न भरने के कारण उपभोक्ता पर 18,330 रुपये का बकाया है।
केस-3
डालीबाग निवासी अनिल कुमार का घरेलू कनेक्शन है। बिजली बिल न भरने के कारण उपभोक्ता पर 43,985 रुपये का बकाया है।
केस-4
सुल्तानपुर रोड निवासी उपभोक्ता सुनीता का भी घरेलू कनेक्शन है। उपभोक्ता पर 70,822 रुपये का बकाया है।
राजधानी के करीब 90 हजार बिजली उपभोक्ताओं ने वर्ष 2019 के अक्तूबर और नवंबर के बाद से बिल का भुगतान नहीं किया है। ये उदाहरण इसकी बानगी हैं। ट्रांसगोमती के इंदिरा नगर ,गोमती नगर, विकास नगर, सीतापुर रोड, डालीगंज, महानगर और चिनहट आदि इलाके में ऐसे बकायेदारों की तादात 40000 के करीब है। इसी तरह 50,000 उपभोक्ता सिस जोन के चौक, ठाकुरगंज, ऐशबाग, अमीनाबाद, हुसैनगंज, चारबाग, वजीरगंज, बालागंज, कैंपबेल रोड, अपट्रॉन और राजाजीपुरम के हैं। इन बकायेदारों ने बिले के कुल 241 करोड़ रुपये रोक रखे हैं। इनमें 70000 घरेलू और 20000 कॉमर्शियल कनेक्शन धारक हैं।
देंगे नोटिस, नहीं भरा बिल तो कटेगा कनेक्शन
लेसा सिस गोमती के मुख्य अभियंता मधुकर वर्मा ने बताया कि सभी अधिशासी अभियंताओं को निर्देश दिए गए हैं कि इन उपभोक्ताओं को बिल रिसीव करा दें, जो नोटिस के रूप में रहेगा। अंतिम तारीख पर बिल न भरा तो दूसरे दिन संबंधित उपभोक्ता का कनेक्शन काट दिया जाएगा।
विज्ञापन
सत्ता पक्ष के नेताओं का हस्तक्षेप
खंडीय इलाके के अभियंताओं का आरोप है बकायेदारों की बिजली काटने जाते है तो सत्ता पक्ष के कुछ नेता हस्तक्षेप करते हैं। इन नेताओं की सिफारिश को नजरअंदाज करते हैं तो से सीधे उच्च अफसरों से शिकायत कर देते हैं। ऐसे में बकायेदारों से बकाया बिल वसूलने में दिक्कत हो रही है। सरकार को इस पर अंकुश लगाने की जरूरत है।
विज्ञापन
उपभोक्ताओं को रिसीव हो रहे बिल
लेसा ट्रांस गोमती के मुख्य अभियंता प्रदीप कक्कड़ ने बताया कि उनके जोन के करीब 40,000 उपभोक्ताओं ने साल भर से बिल नहीं भरा है। ऐसे उपभोक्ताओं को बकाया रकम का बिल रिसीव करा रहे हैं।
बाकी रकम वसूलने की कार्रवाई शुरू
राजधानी के जो उपभोक्ता लगभग एक साल से बिजली बिल का भुगतान नहीं कर रहे हैं, उनके खिलाफ मुहिम शुरू की गई है। इनसे बकाया रकम वसूलने की कार्रवाई की जा रही है।
- सूर्यपाल गंगवार, प्रबंध निदेशक मध्यांचल विद्युत वितरण निगम लखनऊ।