फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lucknow News ›   800 private pathology leaving toxic water directly in the drains

800 निजी पैथोलॉजी सीधे नालों में छोड़ रहे जहरीला पानी, सरकारी अस्पतालों में भी पूरे नहीं मानक

Mon, 18 Nov 2019 02:04 PM IST
ishwar ashish हिमांशु अवस्थी, अमर उजाला, लखनऊ
हिमांशु अवस्थी, अमर उजाला, लखनऊ Published by: ishwar ashish Updated Mon, 18 Nov 2019 02:04 PM IST
विज्ञापन
800 private pathology leaving toxic water directly in the drains
प्रतीकात्मक तस्वीर

शहर में चल रहीं करीब 800 निजी पैथोलॉजी केंद्र खून की जांच के बाद जहरीला पानी से नालों में छोड़ रहे हैं। किसी भी निजी पैथोलॉजी में इंफ्युएंट ट्रीटमेंट प्लांट (ईटीपी) नहीं लगा है, जिससे इस पानी का शोधन किया जा सके। इसे लेकर एनजीटी की आपत्ति भी लगी थी। डीएम को नियमों का पालन कराने के निर्देश मिले थे। बावजूद इसके अब तक 800 में किसी भी निजी पैथोलॉजी में ईटीपी प्लांट नहीं लगा है।

विज्ञापन


निजी अस्पतालों व पैथोलॉजी में कचरा प्रबंधन का निस्तारण ठीक से होने पर एनजीटी ने आपत्ति लगाई थी। डीएम को मानक पूरा कराने के निर्देश दिए गए थे। सभी निजी अस्पतालों से अस्पताली कचरा उठान शुरू कराया गया। वहीं निजी पैथोलॉजी में मानक को अब भी पूरा नहीं कराया गया।
विज्ञापन


पैथोलॉजी का पानी बिना शोधित किए बाहर छोड़े जाने पर कई निजी पैथोलॉजी को नोटिस भेजा गया था। स्वास्थ्य विभाग के अफसरों का कहना है कि पैथोलॉजी में बिना संशोधित किए पानी छोड़ा जाना गलत है। मानक को पूरा कराया जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन


दुकानों में खुल गई पैथोलॉजी
स्वास्थ्य विभाग ने निजी पैथोलॉजी का लाइसेंस जारी करने के लिए कोई भी मानक तय नहीं किया। कई पैथोलॉजी छोटी-छोटी दुकानों में खुल गई है। जहां जांच भी होती है। जांच के बाद निकलने वाला पानी बिना संशोधित किए नाली में छोड़कर बीमारियां फैलाई जा रही हैं।

सरकारी अस्पतालों में भी सीधे गिराया जा रहा पानी

एनजीटी की आपत्ति के बाद भी स्वास्थ्य विभाग सरकारी संस्थानों में भी मानक को पूरा नहीं करा पाया है। सरकारी अस्पतालों की पैथोलॉजी में हर रोज सैकड़ों मरीजों की पैथोलॉजी जांच होती है। बलरामपुर, सिविल, लोकबंधु, रानी लक्ष्मीबाई, बीआरडी महानगर समेत अन्य अस्पताल में सीधे पानी गिराया जा रहा है।


निजी पैथोलॉजी को भेजा जाएगा नोटिस

एनजीटी की आपत्ति के बाद सभी निजी अस्पतालों में बायोमेडिकल वेस्ट का सख्ती से पालन कराया जा रहा है। निजी पैथोलॉजी का पानी बिना संशोधित किए छोड़े जाने मामले में नोटिस भेजा जाएगा। मानक को पूरा कराया जाएगा।
डॉ. नरेंद्र अग्रवाल, सीएमओ

ब्लीचिंग में करते हैं संशोधित
अभी पैथोलॉजी में जांच के बाद पानी को ब्लीचिंग में संशोधित करके छोड़ा जा रहा है। अस्थाई तौर पर यह व्यवस्था की गई है। -डॉ. डीएस नेगी, सिविल निदेशक

भेजा जाएगा ईटीपी लगाने का प्रस्ताव
पैथोलॉजी-रेडियोलॉजी से निकलने वाला पानी संशोधित करके डाला जा रहा होगा। जो भी सुधार होगा तो उसे ठीक कराया जाएगा। ईटीपी लगाने का प्रस्ताव भेजा जाएगा।
एसएम त्रिपाठी, प्रवक्ता, बलरामपुर अस्पताल

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed