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जनेस्मा के बाबुओं ने फीस के नाम पर लगाई चपत

Tue, 22 May 2018 12:04 AM IST
Updated Tue, 22 May 2018 12:04 AM IST
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जनेस्मा के बाबुओं ने फीस के नाम पर लगाई चपत
बाराबंकी। जनेस्मा के बाबुओं ने व्यक्तिगत परीक्षार्थियों की फीस के नाम पर लाखों की चपत लगाई। अलग-अलग जमा होने वाली छात्रों की फीस बैंक में थोक के भाव बाबुओं ने कॉलेज के परीक्षा कोष में जमा की। वह भी अपने बैंक अकाउंट से। जिसकी पुष्टि फीस जमा करने वाले बैंक के चालान कर रहे हैं। यह हाल तब है, जब वर्ष 2002 में ही कॉलेज में नकद फीस की जगह छात्रों को बैंक चालान के माध्यम से फीस जमा करने का नियम तत्कालीन प्राचार्य डॉ. अनिल चंद्रा ने लागू किया था। ऐसे में कॉलेज के बाबुओं के खाते तक फीस की रकम कैसी पहुंची ? यह सबसे अहम सवाल है।
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जवाहर लाल नेहरू मेमोरियल पीजी कॉलेज के प्राचार्य बीके सिंह की हत्या के बाद प्राचार्य बने डॉ. अनिल चंद्रा ने कॉलेज में करीब डेढ़ करोड़ रुपये के फीस घोटाले का मामला पकड़ा। मगर, मामला उनके समय का न होने के कारण इससे उलझने की बजाय प्राचार्य डॉ. अनिल चंद्रा ने वर्ष 2002 से कॉलेज में जमा होने वाले सभी शुल्क चालान के माध्यम बैंक में जमा करने की व्यवस्था की। जिसके बाद से कॉलेज में फीस जमा होनी बंद हो गई। फिर संस्थागत व व्यक्तिगत परीक्षार्थियों की बैंक में चालान के माध्यम से फीस जमा होने लगी। बैंक को भी प्रति छात्र 59 रुपये प्रोसेसिंग चार्ज मिलने लगा। उधर, वर्ष 2010 में कानपुर विश्वविद्यालय ने व्यक्तिगत परीक्षार्थियों के लिए लखनऊ में बनाए जाने वाले परीक्षा केंद्र पर रोक लगा दी। ऐसे में कानपुर की दूरी अधिक होने के बाद प्राइवेट छात्रों को दबाव अवध विश्वविद्यालय से संबद्ध जनेस्मा कॉलेज में बढ़ गया। जिसके बाद इस कॉलेज में पहले की अपेक्षा प्राइवेट परीक्षार्थियों की संख्या दोगुने से अधिक आठ से दस हजार तक हो गई। ऐसे में फार्म प्राइवेट फॉर्म भरवाने वाले राजधानी के चर्चित बुक डिपो, चरन, मिश्रा व मामा-भांजे ने कॉलेज के बाबुओं से संपर्क कर खेल शुरू कर दिया। जिसमें संलिप्त बाबुओं ने छात्रों से मनमानी फीस वसूल ली। उसके बाद निर्धारित फीस को थोक के भाव कॉलेज के सेंट्रल बैंक में खुले परीक्षा कोष के खाता संख्या 3093436887 में अपने खाते की चेक के माध्यम से जमा कर लाखों की चपत लगाई। हालांकि वर्तमान प्राचार्य ने वर्ष 2017 के बाद से नए छात्रों को प्राइवेट परीक्षा फार्म भरवाने को कॉलेज को अलग करा लिया।
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बाक्स
कुछ यू बाबुओं ने अपने खाते से जमा की फीस
दिनांक चेक संख्या जमा की गई धनराशि
5 फरवरी 2014 ....072 87660 रुपये
5 फरवरी 2014 045302 166100 रुपये

वर्जन
कॉलेज में करीब दो करोड़ रुपये की फीस घोटाले के मामले की सूचना पूर्व में ही कॉलेज के अध्यक्ष जिलाधिकारी व सचिव एसडीएम सदर के साथ शासन को दे दी गई है। मगर, कॉलेज के बाबुओं द्वारा बैंक में अपने अकाउंट से फीस जमा करने की बारे में हमें अभी जानकारी नही है। अगर ऐसा है तो फीस घोटाले में बाबुओं की संलिप्तता होने से इन्कार नही किया जा सकता। इस मामले की भी जांच कराकर दोषी पाए जाने वालों पर कार्रवाई की जाएगी। - डॉ. आरएस यादव, प्राचार्य, जनेस्मा
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