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आक्रोशित रसोइया मजदूरों ने किया प्रदर्शन

Tue, 08 May 2018 10:16 PM IST
Updated Tue, 08 May 2018 10:16 PM IST
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आक्रोशित रसोइया मजदूरों ने किया प्रदर्शन
अंबेडकरनगर। बकाया मानदेय भुगतान समेत विभिन्न मांगों को लेकर मंगलवार को रसोइया मजदूर संघ ने कलेक्ट्रेट के पास धरना दिया। कहा गया कि वर्ष 2016 में जिले को सूखाग्रस्त घोषित होने पर जून माह में भोजन बनवाया गया, लेकिन उसका भुगतान अब तक नहीं हो सका है। वर्ष 2017 में 11 माह कार्य किया, लेकिन 10 माह का ही भुगतान हुआ है। मांग की गई कि एनजीओ से जो उन्हें संबद्ध किया गया है, उसे समाप्त कर पूर्व की व्यवस्था लागू की जाए। चेतावनी दी गई कि यदि शीघ्र ही उनकी समस्याओं का निस्तारण नहीं किया गया, तो कलेक्ट्रेट के पास अनिश्चितकालीन धरना दिया जाएगा।
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अध्यक्षता कर रहे जिलाध्यक्ष रामनिरंजन कन्नौजिया ने कहा कि रसोइया मजदूरों से लगातार कार्य लिया जा रहा है, लेकिन उनकी समस्याओं के निस्तारण को लेकर गंभीरता नहीं दिखाई जा रही है। लंबे समय से उपेक्षा की जा रही है। कहा कि मानदेय भुगतान को लेकर लगातार उनकी उपेक्षा की जा रही है। कहा कि वर्ष 2016 में जिले को सूखाग्रस्त घोषित किया गया था। इसके तहत जून माह में भी एमडीएम योजना के तहत उनसे भोजन बनवाया गया था। अब उस एक माह का भुगतान नहीं हो सका है। कहा कि वर्ष 2017 में 11 माह तक उनसे काम लिया गया, लेकिन मात्र 10 माह का ही भुगतान किया गया। एक माह के भुगतान के लिए कई बार जिम्मेदार अधिकारियों से शिकायत की गई, लेकिन इसे लेकर गंभीरता नहीं दिखाई गई। सुचारु रूप से मानदेय भुगतान न होने से रसोइया मजदूरों के समक्ष विभिन्न प्रकार की आर्थिक समस्या खड़ी हो रही है।
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धरने का समर्थन कर रहे भारत की कम्युनिस्ट पार्टी के सदस्यों ने कहा कि रसोइया मजदूरों को एनजीओ से संबद्ध कर दिया गया है। इसे समाप्त कर पूर्व की व्यवस्था लागू की जाए। एनजीओ से संबद्ध किए जाने पर उनका हक मारा जाएगा। वक्ताओं ने कहा कि रसोइया मजदूरों को राज्य कर्मचारी का दर्जा दिया जाए। साथ ही दुर्घटना बीमा योजना का भी लाभ दिया जाए। चेतावनी दी गई कि शीघ्र ही उनकी समस्याओं का निस्तारण नहीं हुआ, तो बड़ा आंदोलन छेड़ा ज:एगा। इस दौरान त्रिलोकीनाथ, मुन्नीलाल, आशा देवी, कृष्णावती, अशोक, पुष्पा, रमेश, पुनीता, राजेश आदि मौजूद रहे।
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